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Basti News: ‘पूंजीपतियों के इशारे पर चल रही प्रदेश व केंद्र की सरकार’

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मुंडेरवा में शहीद किसानों की प्रतिमा पर माल्यार्पण करते राकेश सिंह टिकैत।
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मुंडेरवा (बस्ती)। भाकियू के राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश सिंह टिकैत बृहस्पतिवार को प्रदेश एवं केंद्र की भाजपा सरकार पर जमकर बरसे। उन्होंने आरोप लगाया कि दोनों सरकारें पूंजीपतियों के इशारे पर काम कर रही हैं।
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भाजपा ने किसानों की आय को दोगुना करने की घोषणा की थी लेकिन उनकी सरकार की नीतियों के कारण आय घटकर आधी हो गई है। सरकार के फैसलों से सिर्फ किसान ही नहीं बल्कि आम आदमी नौजवान, गरीब और महिलाएं भी त्रस्त हैं। इस तानाशाह सरकार से 2027 तक हमें संघर्ष करना पड़ेगा। टिकैत ने ये बातें मुंडेरवा में आयोजित किसान शहीद मेला के अवसर विशाल जनसभा को संबोधित करते हुए कहीं।
उन्होंने कहा कि देश के किसानों की हालत काफी चिंताजनक है। सरकार बीज विधेयक कानून लागू करके निजी कंपनियों के माध्यम से किसानों का शोषण करने पर तुली हुई है। कंपनियां किसानों की मूल पूंजी उनकी खेती को हथियाना चाह रही है। इस कानून के तहत नुकसान होने पर कंपनियों की कोई जिम्मेदारी नहीं होगी।
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किसान को ही नुकसान सहना पड़ेगा। उन्होंने आगे कहा कि फसलों का न्यूनतम समर्थन मूल्य सरकार द्वारा घोषित किया जाना चाहिए। प्रत्येक फसल के उत्पादन की अच्छी कीमत पर बिक्री की गारंटी होनी चाहिए।
यदि ऐसी व्यवस्था नहीं बनी तो देश भर के किसान बड़ा आंदोलन खड़ा करने को विवश होंगे। वर्तमान गलत नीतियों का ही परिणाम है कि किसान लाभकारी मूल्य की जगह औने-पौने में फसल बेचने के लिए विवश हो रहा है। किसानों के लंबे संघर्ष के बाद ही सरकार ने तीन काले कानूनों को वापस तो ले लिया लेकिन, आज तक फसलों का न्यूनतम समर्थन मूल्य निर्धारित नहीं हुआ। इससे किसानों का मोह कृषि से भंग होता जा रहा है। कहा कि जब सरकार को उद्योगपति चलाएंगे तो किसानों और मजदूरों को दिक्कतों का सामना करना पड़ेगा। इस व्यवस्था से हमें एकजुटता के साथ लड़ना होगा।
उन्होंने कहा कि सरकार बिजली को प्राइवेट कंपनियों के माध्यम से सप्लाई करना चाहती है। इससे विद्युत दरों में तीन गुना की वृद्धि होने की आशंका है। उन्होंने कहा कि बस्ती मंडल की धरती संघर्ष के लिए जानी जाती है।
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