शक्तिपुर के रामलीला में कलाकारों ने राम वनगमन का मंचन किया
छावनी। शक्तिपुर में चल रही रामलीला में शनिवार को कलाकारों ने राम वनगमन लीला का मंचन किया। वनगमन का मंचन देख दर्शकों की आंखों छलक उठी। लीला की शुरुआत अयोध्या में राजा दशरथ के राज दरबार से होती है।
राम के राजतिलक की घोषणा राजा दशरथ जी करते हैं, इस बात को सुनकर अयोध्यावासी खुशी से झूम लगते हैं, मंगल गीत गाते हैं। इस बात को जब मंथरा सुनती हैं, तो वह सीधे कैकेयी के पास पहुंच जाती हैं और सारे घटना को बताती हैं। कैकेयी को राय देती हैं।
मंथरा कहती हैं कि यही उचित समय है तुम राजा दशरथ से अपने पुराने दो वचन की मांग करो। कैकेयी मंथरा की बताई हुई बातों के अनुसार वह कोप भवन में जाकर बैठ जाती हैं, इसी बीच राजा दशरथ को सूचना मिलती है कि महारानी कैकेयी नाराज होकर कोप भवन में चली गई हैं। संवाद