बस्ती। तकनीकी कर्मचारियों के वेतनमान का आदेश तत्काल जारी करने सहित दस
सूत्रीय मांगाें को लेकर ट्यूबवेल टेक्निकल इंप्लाइज एसोसिएशन सिंचाई विभाग
के कर्मचारियों ने गुरुवार को दूसरे दिन भी कार्य बहिष्कार कर अधिशासी
अभियंता कार्यालय के सामने धरना दिया। कहा कि सरकार को कर्मचारियाें की
जायज मांगाें को पूरा करना होगा। वे नलकूप मिस्त्री का पदनाम तकनीकी
पर्यवेक्षक करने की मांग कर रहे हैं।
राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद
के अध्यक्ष मस्तराम वर्मा ने कहा कि कर्मचारियों की सभी मांगें जायज हैं।
सरकार को हर हाल में सभी मांगाें को पूरा करना होगा। परिषद धरने का समर्थन
करता है। परिषद के वरिष्ठ उपाध्यक्ष रामआधार पाल, पूर्व मंडल अध्यक्ष
तिकलराम दुबे ने आरोप लगाया कि पदोन्नत कर्मचारी को पदावनत कर सरकार उनके
साथ घोर अन्याय कर रही है।
महामंत्री तौलू प्रसाद ने कहा कि सिंचाई
विभाग के यांत्रिक संगठन में नलकूप मिस्त्री व तकनीकी कर्मचारियों की
भर्ती न होने के कारण कार्य प्रभावित हो रहा है। सरकार को रिक्त पदों पर
यथाशीघ्र भर्ती करनी चाहिए। प्रांतीय उपाध्यक्ष बृजेश श्रीवास्तव, मंडल
अध्यक्ष श्याम बिहारी चौधरी, खंडीय अध्यक्ष प्रभुनाथ चतुर्वेदी ने भी
तकनीकी संवर्ग के साथ हो रहे अन्याय की मुखालफत की।
कर्मचारी
नेताओें ने कहा कि नलकूप मिस्त्री से पदोन्नत अभियंताओं को 30 नवंबर 2008
के पूर्व 24 वर्ष की सेवा पूर्ण होने पर देय पदोन्नति वेतनमान का
मार्गदर्शन व निर्धारण, नियम विरुद्ध पदावनत अवर अभियंताओं को तत्काल बहाल
करने की मांग को लेकर 18 फरवरी तक धरना जारी रहेगा।
धरने को श्याम
बिहारी चौधरी, उमारमण तिवारी, आईटीआई संघ के अध्यक्ष रणंजय सिंह, ओमप्रकाश
मिश्रा भी संबोधित किया। संचालन खंडीय मंत्री संतोष कुमार राव ने किया।
धरने में रवीश चंद्र श्रीवास्तव, योगेंद्र कुमार, प्रदीपक कुमार, वीरेंद्र
मिश्रा, रामविलास चौधरी, महेंद्र कुमार चौधरी, प्रवीण तिवारी, विजय कुमार,
वेद प्रकाश मिश्रा, निजामुद्दीन अंसारी, वीरेंद्र मिश्रा, देवेंद्र कुमार
श्रीवास्तव, राकेश कुमार, फूलचंद्र आदि मौजूद रहे।