भूत-प्रेत के चक्कर में कप्तानगंज थाना क्षेत्र के परसपुर दुबौली गांव में बृहस्पतिवार सुबह एक महिला ने अपनी ढाई माह की बेटी का गला चाकू से रेत दिया। बेटी की चीख सुनकर परिवार वाले पहुंचे और बच्ची को उसके चंगुल से छुड़ा कर जिला अस्पताल ले गए। हालत नाजुक होने के कारण डाक्टरों ने उसे मेडिकल कालेज रेफर कर दिया। बताया जा रहा है कि महिला पर प्रेत का साया आता है। इसी दौरान उसने यह हृदयविदारक घटना को अंजाम दिया।
कप्तानगंज थाना क्षेत्र के परसपुर दुबौली गांव के महेंद्र नाथ नोएडा में एक प्राइवेट कंपनी में इंजीनियर है। महेंद्र ने वर्ष 2019 में उड़ीसा की गीता से प्रेम विवाह किया था। करीब ढाई माह पहले गीता ने एक बेटी को जन्म दिया। महेंद्र के मुताबिक बृहस्पतिवार सुबह छह बजे गीता ने अपने कमरे में चाकू से बेटी का गला रेत दिया। उसकी चीख सुनकर महेंद्र पहुंचे तो अंदर का दृश्य देखकर उनके होश उड़ गए। बेटी लहूलुहान हालत में पड़ी थी और गीता के हाथ में चाकू था।
महेंद्र ने तत्काल बेटी को उसके हाथ से छीना और बच्ची को लेकर आनन-फानन में जिला अस्पताल पहुंचे। वहां डॉक्टर एसएस कन्नौजिया, डॉ मयंक पांडेय और एलके ओझा के अथक प्रयास से बच्ची की जान बच सकी। हालांकि हालत गंभीर होने के कारण उसे मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया गया। उधर, बेटी का गला रेतने के बाद महिला भी सामान्य है। उसे पता ही नहीं है कि बेटी के साथ उसने क्या किया है। घरवालों ने भी कोई कानूनी कार्रवाई नहीं की है।