बस्ती। बस्ती की मोटर व्हीकल इंस्पेक्टर(एमवीआई) को निलंबित कर दिया है। उन्हें 172 वाहनों लोड मनमाने ढंग से बढ़ाने के पुराने मामले सस्पेंड किया गया है। इस मामले में कार्रवाई की याद परिवहन विभाग को उस वक्त आई, जब बस्ती में अफसरों की शह पर दलालों द्वारा 4500 फर्जी डीएल बनाने का मामला उजागर हुआ।
दरअसल, बीते 27 अप्रैल को अमर उजाला में ‘बस्ती में दलालों ने बनवा डाले 4500 फर्जी डीएल, वसूले 2.75 करोड़’ शीर्षक खबर प्रकाशित की गई थी। इसमें अफसरों, खासतैार पर एमवीआई सीमा गैातम की शह पर दलालों ने बैकलॅाग एंट्री अरुणाचल प्रदेश से करवाकर बस्ती में आवेदकों के फर्जी डीएल बनवाए थे।
मामले की जांच उपपरिवहन आयुक्त अयोध्या परिक्षेत्र राजकुमार सिंह के नेतृत्व में गठित टीम को सैांपी गई है, जिसकी रिपोर्ट बस्ती डीएम को सैांपी जाएगी। मामले को लेकर आठ फर्जी डीएल ब्लॅाक भी किए गए। इस प्रकरण के उजागर होने के बाद एमवीआई सीमा गैातम अफसरों के रडार पर थीं। इसी बीच सोमवार को उन्हें एक पुराने मामले में सस्पेंड करने के आदेश परिवहन आयुक्त आशुतोष निरंजन ने जारी कर दिए।
वर्ष 2025 में सीमा गैातम गोरखपुर में तैनात थीं। उन्होंने मनमाने ढंग से 172 वाहनों का सकल यान भार बढ़ा दिया। मसलन, जिन वाहनों का भार 42000 किग्रा होना चाहिए, उसे 43500 किग्रा कर दिया तथा जिनका 49000 किग्रा होना चाहिए, उन्हें 51000 किग्रा कर दिया। इससे वाहनों से ओवरलोडिंग आसानी से की जा सकती थी।
इस प्रकरण की जांच के लिए कमेटी गठित हुई। इसके बाद मामला ठंडे बस्ते में चला गया। इसी बीच पिछले हफ्ते जब अमर उजाला में बस्ती में फर्जी डीएल का मामला उजागर हुआ तो अफसरों ने पुराने मामले में उन्हें निलंबित कर दिया। उन्होंने एमवीआई सीमा गैातम को वाहनों के लोड बढ़ाने के प्रकरण में सस्पेंड कर दिया। परिवहन आयुक्त आशुतोष निरंजन की ओर से जारी पत्र के अनुसार निलंबन के दैारान सीमा गैातम परिवहन विभाग मुख्यालय से संबद्ध रहेंगी। उनके विरुद्ध कार्रवाई के लिए आरटीओ प्रयागराज को जांच अधिकारी नामित किया गया है। जो एक महीने में जांच रिपोर्ट सैांपेंगे।