शब ए बारात के मौके पर सजाई गई जामा मस्जिद नगर।
नगर बाजार (बस्ती)। नगर बाजार एवं उसके आसपास के तमाम ग्रामीण क्षेत्रों में शब-ए-बारात अकीदत और एहतराम के साथ मनाया गया। इस मौके पर लोगों ने पूरी रात जागकर अल्लाह की इबादत की, कुरान की तिलावत की और अपने गुनाहों की माफी के साथ मगफिरत की दुआ मांगी।
शब-ए-बारात की रात मस्जिदों और कब्रिस्तानों को विशेष रूप से सजाया गया। बड़ी संख्या में लोग अपने दिवंगत पूर्वजों की कब्रों पर पहुंचे, गुलाब के फूल चढ़ाए, अगरबत्ती व मोमबत्ती जलाकर उनके लिए दुआएं कीं। मान्यता है कि इस मुकद्दस रात को अल्लाह अपने बंदों का हिसाब-किताब करते हैं और सच्चे मन से इबादत करने वालों के गुनाह माफ कर उन्हें पाक-साफ करते हैं।
कारी नूर आलम ने बताया कि शब-ए-बारात इबादत, तिलावत और सखावत (दान-पुण्य) की रात है। इस रात अल्लाह की इबादत के साथ-साथ गरीबों और जरूरतमंदों की मदद करने का विशेष महत्व है।
शब-ए-बारात के अवसर पर लोगों ने अपने घरों में हलवा, बिरयानी सहित विभिन्न पकवान तैयार किए और गरीबों में बांटे। घरों को रोशनी से सजाया गया और माहौल पूरी तरह से इबादत व भाईचारे से सराबोर रहा।