टूटा 21 साल का रिकॉर्ड, चार दिनों तक शीत लहर से राहत नहीं
- 5.5 डिग्री न्यूनतम और 13 डिग्री अधिकतम तापमान दर्ज किया गया
- छठवें दिन निकली हल्की धूप भी नहीं दिला सकी गलन से राहत
संवाद न्यूज एजेंसी
बस्ती। इस हफ्ते की ठंड ने पिछले 21 साल का रिकॉर्ड तोड़ दिया है। शुक्रवार को न्यूनतम तापमान 5.5 डिग्री और अधिकतम 13 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया।
मौसम विज्ञानी के अनुसार इस पिछले छह दिन से न्यूनतम तापमान लगातर छह डिग्री सेल्सयिस के आसपास बना हुआ है। वहीं, अधिकतम तापमान 14 डिग्री सेल्सियस रहा। 2001 में भी एक हफ्ते तक न्यूनतम छह डिग्री और अधिकतम 14 डिग्री तक तापमान रहा था। इधर, शुक्रवार को तापमान में और गिरावट दर्ज की गई। मौसम विज्ञानियों ने घने कोहरे का अनुमान व्यक्त किया है।
आचार्य नरेंद्र देव कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय कुमारगंज अयोध्या के मौसम विज्ञानी डॉक्टर अमरनाथ मिश्र ने बताया कि पछुआ हवा अभी सामान्य से अधिक गति से चलती रहेगी। हवा की गति कम हुई तो शनिवार को घना कोहरा पड़ेगा। आने वाले तीन-चार दिनों तक शीत लहर से राहत के आसार नहीं हैं।
बृहस्पतिवार को पूरी रात तेज पछुआ हवा चलती रही। जिसके कारण घर के अंदर भी ठिठुरन होती रही। सबसे अधिक दिक्कत बाइक चालकों को हो रही है। गर्म कपड़े और हाथों में गल्ब्स पहनने के बाद भी ठंड से राहत नहीं मिल रही है।
शुक्रवार को न्यूनतम तापमान 5.5 डिग्री दर्ज किया गया। वातावरण में 86 प्रतिशत नमी बनी रही। दोपहर बाद जैसे ही धूप निकली गृहणियां और बच्चे खुश नजर आएं। गृहणियां कपड़े सुखाने छतों पर पहुंच गईं। हालांकि धूप से भी गलन पर असर नहीं पड़ा।
---------------
बढ़े ब्रेन स्ट्रोक, हार्ट अटैक के मरीज
लगातार ठंड के कारण ब्रेन स्ट्रोक और हार्ट अटैक के मरीजों की संख्या बढ़ गई है। इस हफ्ते जिला अस्पताल में ब्रेन स्ट्रोक के नौ और हार्ट अटैक के पांच मरीज पहुंचे। वहीं, निजी अस्पतालों में भी रोजाना ऐसे एक दो मरीज पहुंच रहे हैं। वहीं, कोल्ड डायरिया और निमोनिया से पीड़ित बच्चों से जिला अस्पताल का चिल्ड्रेन वार्ड भर गया है। सीएमओ डॉक्टर आरपी मिश्र ने बताया कि अस्पतालों में मरीजों के इलाज और सुविधा के सभी आवश्यक प्रबंध किए गए हैं। आवश्यक दवाओं की उपलब्धता सुनिश्चित कराई जा रही हैं।
-------------
इन बातों का रखें ध्यान
पर्याप्त नींद लें, तनाव से दूर रहें। धूम्रपान व शराब का सेवन न करें। सर्द हवा में बाहर निकलने से बचें। सुबह टहलने का समय बदलें। ठंडा पानी, कोल्ड ड्रिंक न पीएं। बीपी की नियमित जांच कराएं। बीपी, शुगर के मरीज दवा बंद न करें।