बस्ती। बदलते मौसम और बढ़ते पराग कणों के प्रभाव से आंखों में एलर्जी की समस्या तेजी से बढ़ रही है। जिला अस्पताल रोजाना इस समस्या के 10 से 15 मरीज पहुंच रहे हैं। मरीज आंखों में खुजली, लालिमा, जलन और पानी गिरने की शिकायत लेकर आ रहे हैं। चिकित्सक परामर्श और दवा देकर घर भेज दे रहे हैं।
नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. हरीश कुमार ने बताया कि इस समय वातावरण में पराग कणों की मात्रा बढ़ जाती है। जिससे संवेदनशील लोगों में एलर्जी की समस्या अधिक देखने को मिल रही है। सुबह और शाम के समय हवा में पराग कणों का स्तर अधिक रहता है। इसका आंखों पर इसका सीधा असर पड़ता है। यही कारण है कि लोगों को आंखों की एलर्जी हो रही है। एलर्जी की वजह से आंखों में ज्यादा जलन, सूजन या लगातार पानी आने की समस्या बढ़ रही है।
वहीं, माहू कीट समेत अन्य कीट भी इन दिनों शाम होने पर काफी हमलावर हो जा रहे। वह सीधे आंख, नाक और मुंह में चले जा रहे, इससे परेशानी हो रही है।
चिकित्सक ने कहा कि बिना जरूरत के बाहर निकलने से बचें। घर से बाहर जाने पर आंखों पर चश्मा अवश्य लगाएं। इसके अलावा आंखों को बार-बार साफ पानी से धोने और आंखों पर हाथ लगाने से बचाव के लिए सलाह दे रहे हैं।
नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. सारिब सुहेल ने बताया कि मौसम में बार-बार बदलाव और पराग कण की वजह से आंखों में एलर्जी की समस्या बढ़ रही है। आंखों में जलन, खुजली सहित अन्य समस्याएं हो रही हैं। एलर्जी के लक्षण दिखाई देने पर तुरंत चिकित्सक से परामर्श लें।
कहा कि कई ऐसे मरीज भी आ रहे जिनके आंख में कंजंक्टिवाइटिस की शिकायत आ रही है। ऐसे मरीजों को सतर्कता बरतने के लिए कहा जा रहा है।
बृहस्पतिवार को दिन में 12 बजे तक ओपीडी संचालित हुई, ऐसे में सिर्फ 457 मरीज ही परामर्श लेने पहुंचे थे। नेत्र रोग विभाग, मेडिसिन और बाल रोग विभाग में अधिक मरीज थे।
वहीं, महिला अस्पताल में भी दिन में 12 बजे तक ओपीडी चली, इससे तमाम मरीजों की जांच नहीं हो पाई। ब्लड जांच कराने और रिपोर्ट लेने में परेशान होना पड़ा। सीएमएस डॉ. अनिल कुमार ने बताया कि छुट्टी के चलते परेशानी हुई।