अपहरण कांड: रिपोर्ट न आने की पुलिस ने फिर दी दलील, पांच अगस्त को होगी सुनवाई
संवाद न्यूज एजेंसी
बस्ती। व्यवसायी पुत्र के अपहरण केस में फरार पूर्व मंत्री अमरमणि त्रिपाठी की संपत्तियों को कुर्क करने के लिए पुलिस को पांच अगस्त तक की और मोहलत दी गई है। शनिवार को पुलिस की तरफ से कोर्ट को बताया गया कि लखनऊ और गोरखपुर से संपत्तियों का ब्योरा नहीं मिल पाने की वजह से अदालत के आदेश का पालन नहीं हो सका है।
शनिवार को विशेष न्यायाधीश एमपी/एमएलए कोर्ट प्रमोद कुमार गिरि को कोतवाली पुलिस की तरफ से रिपोर्ट दी गई कि गैंगस्टर अधिनियम व अपहरण आदि धाराओं में नामजद अमरमणि त्रिपाठी की लखनऊ के विपुल खंड एवं गोमती नगर मे दो संपत्तियाें के बारे में उप जिलाधिकारी सदर गोमती नगर से 24 जून और 18 जुलाई को को पत्राचार किया गया था। इसका अभी प्रति उत्तर नहीं मिला है।
इसी तरह, गोरखपुर विकास प्राधिकरण से भी संपत्तियों के बारे में जानकारी मांगी गई थी। प्राधिकरण के सचिव ने पांच जुलाई को अपने पत्र के माध्यम से बताया कि उनके द्वारा भवन मानचित्र प्राप्त करने हेतु पत्राचार किया गया था। उसका भी जवाब अभी नहीं आया है। ऐसे में दोनों जानकारी उपलब्ध होने पर शीघ्र ही उस संपत्ति की कुर्की कर ली जाएगी। पुलिस की इस रिपोर्ट को संज्ञान लेते हुए न्यायालय ने पांच अगस्त तक कुर्की कुलिंदा प्रस्तुत करने का आदेश दिया है।