बस्ती। नवरात्र नवमी के दिन सोमवार को हवन-पूजन की धूम रही। मां भगवती की आराधना में नौ दिन तक उपवास रखने वाले श्रद्धालुओं ने घरों में स्थापित कलश स्थल पर मां के दिव्य ज्योति की पूजा-अर्चना की। इसके बाद पुरोहित की ओर से वैदिक मंत्रों की वर्षा की गई।
व्रतधारी अपने परिवार के साथ देवी को साक्षी मानकर हवन किए। लोग सच्चे मन से हवन सामग्रियों की आहुति दी। देवी के नौवें स्वरूप मां सिद्धिदात्री की पूजा-अर्चना कर लोकमंगल की कामना की गई। घर-घर सुख समृद्धि की कामना के साथ देवी मंदिरों में भी श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी रही।
सुबह से ही मंदिरों में सामूहिक हवन का आयोजन शुरू हो गया। बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं की टोली हवन करने के लिए पहुंचती रही। यज्ञ कुंड के पास पुरोहित लाउडस्पीकर से हवन की विधि बताने के साथ वैदिक मंत्रों का उच्चारण किए। स्वाहा की गूंज के साथ श्रद्धालु श्रद्धा भाव से आहुति दे रहे थे।
रोडवेज स्थित मां गायत्री शक्ति पीठ में स्थित यज्ञशाला में बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे। यहां सुबह सात बजे के बाद से ही हवन शुरू करा दिया। एक बार में 15 से 20 श्रद्धालुओं से यज्ञशाला में हवन कराई गई। श्रद्धालु नारियल, लाल चुनरी, कच्चा लाल धागा, धूप, अगरबत्ती, कपूर, सुपारी, पान के पत्ते आदि की आहुति दे रहे थे।
रेलवे स्टेशन के निकट मां काली शक्ति पीठ पर पीठाधीश्वर पं. संजय शुक्ल ने हवन कराया। यहां भी पूरे दिन हवन यज्ञ चलता रहा और श्रद्धालुओं का आना-जाना लगा रहा। महिलाएं, बच्चे, पुरुष सभी एक साथ माता रानी का आह्वान कर आहुतियां देकर सुख, समृद्धि, शांति की कामना किए।
शहर के रौता चौराहा स्थित देवी मंदिर, पिकौरा शिवगुलाम स्थित मंगला महाकाली मंदिर, आवास विकास स्थित मां काली मंदिर समेत कई मंदिरों पर हवन-पूजन हुआ।