बस्ती। श्रावण मास के महाशिवरात्रि व गौरीपूजन पर्व पर 15 जुलाई को भद्रेश्वरनाथ मंदिर के शिवलिंग पर कांवड़िया जलाभिषेक करेंगे। जिला प्रशासन की ओर से इसकी तैयारी तेज कर दी गई है। जिले के प्रमुख कांवड़िया संघ के पदाधिकारियों के साथ जिलाधिकारी प्रियंका निरंजन की अध्यक्षता में बैठक करके उनकी आवश्यकताओं एवं समस्याओं के बारे में जानकारी ली।
इसके बाद अधिकारियों ने बस से भद्रेश्वरनाथ मंदिर परिसर से अयोध्या की सीमा तक स्थलीय निरीक्षण कर स्थिति का जायजा लिया। बस में मंडलायुक्त अखिलेश सिंह, आईजी आरके भारद्वाज, डीएम प्रियंका निरंजन, एसपी गोपाल कृष्ण चौधरी, सीडीओ डॉ. राजेश प्रजापति, सीएमओ डॉ. आरपी मिश्र सहित अन्य विभागों के लगभग 40 अधिकारी पूरे क्षेत्र का निरीक्षण किये। अधिकारियों ने कलक्ट्रेट से शास्त्री चौक, चेतक तिराहा, भूअर निरंजन, डारीडीहा होते हुए भद्रेश्वरनाथ मंदिर का निरीक्षण किया। रास्ते में अवैध अतिक्रमण हटाने तथा जगह-जगह पर बिल्डिंग मटीरियल बालू, मोरंग, गिट्टी आदि हटवाने के निर्देश दिए। अधिकारियों ने डारीडीहा से भद्रेश्वर नाथ मंदिर तक सड़क के दोनों ओर बिजली के तार दुरुस्त कराने काे कहा।
कांवड़ियाें के भद्रेश्वर नाथ मंदिर में प्रवेश एवं निकास के रास्ते का निरीक्षण किया। एक-दो स्थानों पर बैरिकेडिंग कराने का भी निर्देश दिया। अधिकारियों ने जल चढ़ाकर मंदिर से निकास के लिए नवनिर्मित रास्ते को देखा। यहां पर गड्ढों में स्थान-स्थान पर राबिश डलवाने का निर्देश दिया। अधिकारियों का दल अमहट घाट पहुंचा। यहां पर बने दोनों पार्क में सफाई के लिए नगर पालिका को निर्देशित किया। बस से ही अधिकारी जनपद से 50 किमी दूर स्थित अयोध्या सीमा पर पहुंचे। रास्ते में उन्होंने जगह-जगह गड्ढों को भरवाने का निर्देश दिया है। रास्ते में फुटहिया, गोटवा, कप्तानगंज, महराजगंज, हर्रैया, छावनी बाजार तथा घघौवा तक अधिकारियों ने स्थिति देखी। एसडीएम हर्रैया ने कांवड़ियों के पड़ाव स्थल के लिए निर्धारित विद्यालय/कालेज की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि रास्ते में राम जानकी मंदिर, रामरेखा मंदिर, दुर्गा मंदिर, पांडेय घाट आदि स्थलों पर भी कांवड़िये रुकते हैं।