नोटबंदी के 24वें दिन भी हालात जस के तस रहे। कई स्थानों पर लोगों को कैश न मिलने के कारण बैंकों की शाखाओं से खाली हाथ लौटना पड़ा। लालगंज में पूर्वांचल बैंक से रकम न मिलने के कारण लोगों ने सड़क पर जाम लगा दिया। वहीं लोगों के गुस्से के डर से कई बैंकों के ताले नहीं खुले।
लालगंज प्रतिनिधि के अनुसार पूर्वांचल बैंक लालगंज में लगातार चार दिन से कैश न मिलने के कारण खाताधारकों ने लालगंज कुदरहा मार्ग दोपहर 12 बजे सड़क जाम कर दिया। चौकी प्रभारी लालगंज ने उपभोक्ताओं को समझा बुझा कर लगभग दो बजे जाम को हटवाया। लोगों का कहना है कि सेंट्रल बैंक प्रतिदिन अपने ग्राहकों को कैश दे रहा है। लेकिन पूर्वांचल बैंक चार दिन से कोई कैश नहीं दे रहा है। जिससे समय से बुआई का कार्य नहीं हो पा रहा है। रामफेर वरूण ने कहा कि पूर्वांचल बैंक की उदासीनता के चलते लोगों को मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है। वहीं किसान यूनियन के जीत नरायन ने कहा कि बड़े लोगों को रकम मिल जा रही है। गरीबों को लाइन में लगने के बाद भी रकम नहीं मिल रही है। पब्लिक का रूख देखकर पूर्वांचल बैंक में दिन भर ताला लटका रहा।
सल्टौआ प्रतिनिधि के अनुसार नोट बंदी के 24वें दिन भी बैंकों में भीड़ कम नहीं हुई। लोगों को जमा निकासी के लिए सुबह से शाम तक बैंक का चक्कर लगाना पड़ रहा है। पंजाब नेशनल बैंक सल्टौआ गोपालपुर में खाता धारकों को रकम की निकासी के लिए परेशानी उठानी पड़ रही है। रकम निकालने आए संजय कुमार, संतोष कुमार, राममिलन, रामनिवास, जगराम, किसमती, राजकुमारी, बुधिराम, गिरजेश कुमार,श्यामवती, प्रर्मिला ने बताया कि कई दिनों से बैंक का चक्कर लगा रहे हैं, मगर उन्हें निराशा हाथ लगी।
बनकटी प्रतिनिधि के अनुसार खाताधारक अपनी अवश्यक्ताओं को पूूरा करने के लिए सुबह से रकम के लिए बैंक के बाहर ही लाइन लगा लेते हैं, मगर रकम न मिलने पर शाम को निराश लौट जा रहे है। पूर्वांचल बैंक देईसाड़ बंद रहा। कर्मचारियों ने पब्लिक के गुस्से के डर से बैंक ही नहीं खोला। पक्कावाजार, बानपुर, बनकटी स्थित बैंक की शाखा में कैश नहीं रहा। महादेवा स्थित पूर्वांचल बैक की शाखा, सेंट्रल बैक लालगंज, एसबीआई की बनकटी शाखा में मामूली रकम देकर लोगों को शांत किया गया।
पूर्वांचल बैंक के एरिया मैनेजर एसएन सिंह ने कहा कि बैंक का खुद का चेस्ट नहीं है, ऐसे में दिक्कतें आ रहीं है। जो भी रकम मिल रही है उसे बैंक की शाखाओं में थोड़ा थोड़ा करके भेजा जा रहा है। महसों प्रतिनिधि के अनुसार नोट बंदी के बाद से बैंकों और एटीएम की हालत खराब है। बैंक के ग्राहक सेवा केंद्र पर भी रुपये नहीं मिल पा रहे है। कभी कभार दो या ढाई हजार रुपये मिल जा रहे हैं, ऐसे में लोगों की परेशानी खत्म होने का नाम ही नहीं ले रही है। लीड बैंक के मुख्य प्रबंधक जगदीश नारायन त्रिपाठी ने बताया कि बुधवार से हालात सुधरने की संभावना है। आरबीआई से रकम मिलने की उम्मीद है।