गायघाट क्षेत्र में गिट्टी से गड्ढो को भरते मजदूर
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लखनऊ की तीन सदस्यीय टीम ने जांची सड़क
मनौवां-सिंगही मार्ग का निर्माण कराए बगैर हो गया भुगतान
गायघाट(ब्यूरो)। क्षेत्रीय ग्रामीणों की शिकायत पर शनिवार को पीडब्ल्यूडी की ओर से बनवाई जा रही सड़कों की जांच करने लखनऊ की तीन सदस्यीय टीम आई। टीम उस समय भौचक हो गई, जब जांच में एक ऐसी सड़कें मिलीं, जिन पर बगैर काम कराए संपूर्ण भुगतान कर दिया गया था।
लखनऊ से लोक निर्माण विभाग के अधीक्षण अभियंता संतोष कुमार, अधीक्षण अभियंता एके जैन व अधिशाषी अभियंता एके दूबे की टीम निर्माण कार्यों के गुणवत्ता जांचने पहुंची। दोपहर बाद पहुंची टीम ने कई सड़कों का स्थलीय सत्यापन किया। टीम ने स्थानीय लोगों से पूछताछ भी की। टीम ने बताया कि रामजानकी मार्ग के मनौवां चौराहे से सिंगही तक जाने वाली सड़क का बिना निर्माण के एक साल पहले भुगतान कर दिया गया है।
प्रदेश सरकार ने कुदरहा ब्लॉक के रामजानकी मार्ग स्थित धनौवा चौराहे से मनौवां मार्ग के 1.6 किमी सड़क की सामान्य मरम्मत के लिए वित्तीय वर्ष 2017 - 18 में 14.87 लाख रुपये स्वीकृत किया था, लेकिन दो साल बीत जाने के बावजूद मरम्मत न कराए जाने से लोग उम्मीद छोड़ चुके हैं। क्षेत्रीय लोगों की नाराजगी और कड़े प्रतिरोध पर दो जनवरी को कोरमा गांव में निवर्तमान डीएम डॉ. राजशेखर के चौपाल के चलते आननफानन में एक जनवरी को बोर्ड लगाकर सड़क किनारे कुछ गिट्टी भी गिरा दिया गया था। जांच की भनक लगते ही छह सितंबर को गड्ढों में रोड़ा भर दिया गया। जांच टीम के साथ पूर्व में कुदरहा ब्लॉक में तैनात अवर अभियंता राजेश कुमार ने बताया कि पूर्व अधीक्षण अभियंता आलोक रमन ने धनौवा से सिंगही मार्ग के धन से दूसरी सड़क बनवा दिया था। जिस सड़क का निर्माण हुआ है। अब उसका भी बजट आ गया है। लखनऊ से जांच करने पहुंचे अधीक्षण अभियंता संतोष कुमार ने बताया कि धनौवां से सिंगही जाने वाले मार्ग का भुगतान बिना निर्माण के हो गया है। इसी बात की जांच करने टीम लखनऊ से आई है। शासन को इसकी रिपोर्ट दी जाएगी।