बस्ती। जिले में स्वास्थ्य सेवा को बेहतर बनाने का
दावा धरातल पर फेल होता दिख रहा है। मंडल मुख्यालय के जिला अस्पताल में
कार्डियोलॉजिस्ट, चेस्ट फिजिशियन, फिजिशियन, ब्लड बैंक अधिकारी, ईएनटी
सर्जन के पद कई सालों से रिक्त पड़े हैं। कार्डियोलॉजिस्ट पद पर तो पिछले
चौदह सालों से किसी की तैनाती ही नहीं हो सकी है। इससे हृदय रोगियों को
निराश लौटना पड़ रहा है।
जिला चिकित्सालय में कई महत्वपूर्ण
विभागों में चिकित्सकों की तैनाती न होने से मरीजों को असुविधा हो रही है।
गंभीर रोगों के इलाज के लिए अस्पताल पहुंचे मरीजों को निराशा हाथ लगती है।
जिला अस्पताल में फिजिशियन के स्वीकृत तीन पद के सापेक्ष महज एक कार्यरत
हैं। पिछले बारह साल से किसी अन्य फिजिशियन की तैनाती नहीं हुई।
दिसंबर
2014 में डॉक्टर वीएस त्रिपाठी की सेवानिवृत्ति के बाद यह पद रिक्त चल रहा
है। कार्डियोलॉजिस्ट के दो स्वीकृत पद पिछले चौदह साल से रिक्त पड़े हैं।
ईएनटी सर्जन के दो पद स्वीकृत हैं, मगर किसी की तैनाती नहीं है। वहीं
मनोरोग विशेषज्ञ, यूरो सर्जन, न्यूरो सर्जन, प्लास्टिक सर्जन,
न्यूरोफिजिशियन, नेफ्रोलॉजिस्ट के पद स्वीकृत तो हुए लेकिन आज तक किसी की
तैनाती शासन ने नहीं की।
रक्तकोष अधिकारी के चार पद रिक्त हैं।
ईएमओ, अधीक्षक प्रभारी स्टोर का पद भी लगातार रिक्त चल रहा है। इन
महत्वपूर्ण विभागों विशेषज्ञों की तैनाती न होने से मंडल स्तर के जिला
अस्पताल में स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ मरीजों को नहीं मिल पा रहा है।
शासन व निदेशालय को भेजी जाती है सूचना
जिला
अस्पताल के प्रमुुख अधीक्षक डॉ आर केश ने बताया कि समय समय पर चिकित्सकों
की रिक्तियों की सूचना शासन और निदेशालय को भेजी जाती है। वहीं विभागीय
बैठकों में इस सवाल को उठाया जाता है। लेकिन अभी तक तैनाती नहीं हुई।