विद्युत निगम : जूनियर अभियंताओं ने किया बहिष्कार
बस्ती। भाविष्यनिधि घोटाले को लेकर विद्युत परिषद जूनियर इंजीनियर्स संगठन ने बुधवार को कार्य बहिष्कार कर दिया है। जूनियर अभियंता पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच की मांग कर रहे हैं। संगठन का कहना है कि घोटाले को लेकर सरकार अभियंता व कर्मचारियों गुमराह कर रही है।
विद्युत कर्मचारी संयुक्त समिति का दो दिवसीए धरना मंगलवार को समाप्त हो गया। बुधवार को जूनियर इंजीनियर्स संगठन मुख्य अभियंता कार्यालय परिसर में धरने पर बैठ गया। संगठन केंद्रीय उप महासचिव बलबीर यादव ने बताया कि भविष्यनिधि घोटाले में मुख्य आरोपी आलोक कुमार को सरकार बचा रही है। शासन की ओर से कहा गया था कि मामले की जांच सीबीआई से कराई जाएगी। लेकिन तो अभी तक जांच सौंपी नहीं गई।
संगठन अध्यक्ष जितेंद्र मौर्या ने कहा कि भाविष्यनिधि वापस करने के लिए सरकार जल्द ही गजट जारी करे वरना पूर्ण रुप से कार्य बहिष्कार किया जाएगा। सचिव आशुतोष लाहिड़ी ने धरने को संबोधित करते हुए कहा कि केंद्रीय नेतृत्व के निर्देश पर 23 नवंबर तक कार्य बहिष्कार कर धरना दिया जा रहा है। मांगें जल्द न मानी गईं तो आंदोलन किया जाएगा। धरने में अभियंताओं ने वी वांट जस्टिस, हमारी मांगे पूरी करो, मुख्य आरोपी पर करो कार्रवाई के नारे लगाए। धरने की अध्यक्षता एके उपाध्याय ने किया। इस मौके पर सहायक अभियंता राम इकबाल, राघवेंद्र द्विवेदी, लाल बहादुर, एसके मिश्रा, अभय सिंह, अजय कुमार, कौशल किशोर, अखिलेश यादव, अवर अभियंता अभिषेक चंद्र ओझा, अभिषेक कुमार, अखिलेश यादव, विकांत, प्रकाश वर्मा, अशोक पाल, प्रिंस, प्रशांत, सूरज कुमार, अनुज, पतिराम, सूरज प्रसाद, राघवेंद्र समेत सैकड़ों कर्मचारी मौजूद रहे।