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गोंडा बम विस्फोट केस में हामिद के घर छापा

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गोंडा बम विस्फोट केस में हामिद के घर छापा
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बस्ती/कप्तानगंज। रेलवे ई-टिकट आरक्षण के लिए नकली साफ्टवेयर से करोड़ों का घपला करने वाले हामिद अशरफ के कप्तानगंज स्थित आवास व व्यवसायिक प्रतिष्ठान पर रविवार को गोंडा जिले के खोड़ारे थाने की पुलिस टीम ने दबिश दी।
20 जुलाई 2019 को गोंडा जिले के खोड़ारे थाना क्षेत्र के बनगवां स्थित एक निजी स्कूल में हुए बम विस्फोट के मामले में पुलिस को हामिद की तलाश है। हालांकि पुलिस के हाथ कुछ नहीं लगा। उसके पिता को हाल में ही जेल भेजा जा चुका है। घर पर एक महिला सिर्फ मिली। पुलिस ने उससे कुछ पूछताछ की। प्रभारी निरीक्षक प्रमोद कुमार सिंह ने बताया कि हामिद की गिरफ्तारी की कोशिश में आए थे, मगर वह नहीं मिला।
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असल में उस स्कूल का प्रबंधक शमशेर आलम खान साफ्टवेयर गिरोह के सरगना हामिद अशरफ का दोस्त है। साफ्टवेयर के व्यवस्था में भी दोनों शामिल हैं। पुलिस के अनुसार, शमशेर ने हामिद से स्कूल चलाने के लिए दो करोड़ रुपये उधार लिए थे। उसे लेकर दोनों के मन में मलाल आ गया। हालांकि माना जा रहा है कि इनका काकस तोड़ने के लिए पुलिस ने दोनों में मतभेद पैदा किया।
हामिद ने स्कूल प्रबंधक शमशेर को जान से मारने की धमकी दी थी। उसके बाद ही स्कूल में विस्फोट की घटना सामने आई। खोड़ारे थाने में पुलिस ने घटना का मुकदमा दर्ज कर मास्टरमाइंड हामिद के दो साथियों वसीम अहमद खां पुत्र रशीद अहमद, निवासी रामगढ़ दरगाह शरीफ, थाना कोतवाली चुनार, जिला मिर्जापुर और शाहिल खान उर्फ मोहम्मद अली पुत्र जमालुद्दीन, निवासी बुनकर कॉलोनी करसड़ा, थाना रोहनिया, जनपद वाराणसी को गिरफ्तार कर काफी कुछ उगलवा लिया था।
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तभी से गोंडा पुलिस हामिद की तलाश में है। फरार हामिद के घर करीब तीन माह पूर्व कुर्की की कार्रवाई के लिए अदालत से नोटिस जारी की गई। मगर हामिद के पिता ने हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया तो उसे स्थगन आदेश मिल गया। इससे पुलिस कुर्की की कार्रवाई नहीं कर पाई। उसके बाद रविवार को टीम उसके घर व प्रतिष्ठान पर पहुंची।
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