निर्मित पुलिया के नाम पर फिर से आवंटित करा लिया धन
पीडब्ल्यूडी का खेल, आवंटित 47 लाख गायब, मेहदावल-रुधौली-डुमरियागंज मार्ग पर बनी है पुलिया
पकड़ में आने के बाद भी नहीं लौटाया धन
सीआरएफ योजना के तहत हुआ निर्माण
संवाद न्यूज एजेंसी
बस्ती। पीडब्ल्यूडी एक बार फिर अपने कारनामा से सुर्खियों में आ गया है। पहले एक ही सड़क की दोबारा स्वीकृति करा लिया अब फिर वही गलती दोहराते हुए विभाग ने एक लघु सेतु (पुलिया) में गड़बड़झाला किया है। निर्मित इस पुलिया को दोबारा स्वीकृति कराते हुए धनराशि आवंटित करा लिया। मामला सामने आने के बाद विभाग में खलबली मच गई है। पुलिया के लिए मिते करीब 47 लाख रुपये न तो वापस हुए और न खर्च, फिर भी धन विभाग नहीं खोज पा रहा है।
हाल ही में विभाग के जिम्मेदारों ने नियमों को ताक पर रखकर विशुनपुरवा-हनुमानगंज मार्ग के निर्माण की स्वीकृति दोबारा करा ली थी। अब फिर दोबारा विभाग की वही गलती पकड़ी गई है। जिले के रुधौली क्षेत्र के मेंहदावल-रुधौली डुमरियागंज मार्ग पर 14.5 किमी सीआरएफ योजना के तहत 30 करोड़ की लागत से सड़क चौड़ीकरण व सृदृीढ़ीकरण कार्य वर्ष 2020-21 में कराया गया था। आवंटित धनराशि बचने पर बचत योजना के तहत इसी मार्ग के किमी 33 की डैमेज पुलिया का भी निर्माण 2 गुणा 6.00 मीटर आरसीसी बाक्स कल्वर्ट में विभागीय अनुमति के अनुबंध के तहत कराया गया। बाद में गलत तरीके से इसी पुलिया के निर्माण के लिए दोबारा प्रस्ताव भेजकर शासन से धन की स्वीकृति करा ली गई। शासन ने राज्य योजना (सामान्य) के तहत लघु सेतु निर्माण के लिए 46.64 लाख की स्वीकृति देते हुए धनराशि भी आवंटित कर दिया। धनराशि आवंटित होने के बाद भी विभाग द्वारा इसे सरेंडर नहीं किया गया, जिसे लेकर काफी सवाल खड़े हो रहे हैं। फिलहाल विभाग के लिए यह आवंटित धनराशि गले की फांस बन गई है। मामला सामने आने के बाद विभाग के अधिकारी रुपये की जानकारी जुटा रहे हैं कि आखिर यह धन कहां गया, मगर अब तक उस धन के व्यय की जानकारी विभाग को नहीं हो सकी है।
होगी जांच
मेंहदावल-रुधौली डुमरियागंज मार्ग के किमी 33 पर बनी पुलिया की दोबारा कैसी स्वीकृति हो गई है इस मामले की जानकारी की जा रही है। इसके लिए मिला धन कहां गया, इसकी जांच कराई जाएगी। इसके बाद जो भी कार्रवाई करनी होगी, शासन को पत्र लिखकर अवगत कराया जाएगा।
एके सिंह, एक्सईएन पीडब्ल्यूडी, बस्ती