बस्ती/पैकोलिया। साधन सहकारी समितियों पर लगातार यूरिया खाद की आपूर्ति होने के बावजूद भी किसान मारे-मारे फिर रहे हैं। कहीं वितरण के दौरान हंगामा होने के कारण किसान खाद नहीं पा रहे हैं तो कहीं ओवर रेटिंग का मामला खुलेआम सामने आ रहा है। सहकारिता और कृषि विभाग वितरण व्यवस्था को पारदर्शी बनाने में नाकाम साबित हो रहा है।
यूरिया को लेकर हाहाकार चौतरफा है। महकमे का दावा है कि पर्याप्त मात्रा में समितियों और दुकानों पर आपूर्ति की जा रही है। लेकिन, सच्चाई में किसान खाद के लिए दर- दर भटक रहे हैं। समितियों से जुड़े जिम्मेदार कमियों को छिपाने के लिए निजी क्षेत्र की दुकानों की ओर इशारा कर रहे हैं तो दुकानदार कम मात्रा में खाद मिलने की दलील दे रहे हैं। वहीं जब अधिकारियों की जांच हो रही है तो अधिकांश जगहों पर मनमाने ढंग से वितरण और ओवर रेटिंग का मामला सामने आ रहा है।
साधन सहकारी समिति सेमरा में बुधवार की सुबह यूरिया खाद के लिए महिलाओं और पुरुषों की लंबी कतार लगी रही। यहां सुबह दस बजे यूरिया का वितरण शुरू हुआ। कुछ किसानों में किसी तरह खाद वितरित की गई। भीड़ बढ़ने के बाद लोग इधर-उधर लाइन तोड़कर जल्दी खाद लेने की होड़ में लग गए। इसी बीच हंगामा हो गया। जिससे समिति पर खाद का वितरण बंद कर दिया गया।
यहां पहुंचे कुनगाई बुजुर्ग के किसान शिव पूजन पाठक, कठौतिया सांवडीह के प्रताप बहादुर, विशाल वर्मा, सेखुई के हरिश्याम, पैकोलिया के राम नरेश यादव, छट्ठीलाल यादव, पथरु, महेंद्र, भौंखरी के अमित शर्मा, अनुराग विश्वकर्मा, अगया खुर्द के जगलाल आदि लाइन में लगे रहने के बाद भी खाद नहीं पाए। सचिव ओमप्रकाश सिंह ने बताया कि मंगलवार की सुबह 500 बोरी यूरिया आई है।
62 बोरी यूरिया का वितरण किया गया। इसी बीच किसानों ने हंगामा शुरू कर दिया।
जिससे वितरण बंद करना पड़ा। अब पुलिस बल मिलने के बाद ही वितरण किया जाएगा।,