कलवारी। विदेश भेजने और अच्छी नौकरी दिलाने का झांसा देकर फर्जी वीजा देने तथा 98 हजार रुपये की ठगी करने के मामले में कलवारी पुलिस ने न्यायालय के आदेश पर एक व्यक्ति के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर की है। कुसौरा गांव निवासी रोहित कुमार ने न्यायालय में दिए प्रार्थना पत्र में बताया कि गांव के अंशिक कुमार ने उसकी मुलाकात पंकज नामक व्यक्ति से कराई। अंशिक ने बताया था कि कुसौरा निवासी शहजाद पुत्र अशफाक के माध्यम से उसकी पहचान पंकज से हुई, जो लोगों को विदेश भेजने और अच्छी नौकरी दिलाने का काम करता है।
आरोप है कि 30 मार्च 2026 को पंकज कुसौरा आया और उसने दावा किया कि वह पिछले 12 वर्षों से लोगों को वीजा दिलाकर विदेश भेज रहा है तथा एक लाख रुपये से अधिक वेतन वाली नौकरी दिलाता है। अगले दिन 31 मार्च को उसने रोहित और अंशिक को लखनऊ बुलाया, जहां मेडिकल जांच के नाम पर आठ हजार और बाद में 50 हजार रुपये नकद ले लिए। उसने 15 दिन के भीतर वीजा उपलब्ध कराने का भरोसा दिया।
रोहित के मुताबिक 22 अप्रैल को पंकज ने मोबाइल पर वीजा भेजा और 40 हजार रुपये और मांगे, जिसे उसने ऑनलाइन ट्रांसफर कर दिया। बाद में सरकारी वेबसाइट पर वीजा की जांच करने पर उसका कोई रिकॉर्ड नहीं मिला। शिकायत करने पर आरोपी ने कुछ दिन बाद रिकॉर्ड अपडेट होने की बात कही, लेकिन 15 मई को दोबारा जांच में भी वीजा फर्जी निकला। पीड़ित का आरोप है कि रुपये वापस मांगने पर पंकज ने पैसे लौटाने से इन्कार कर दिया और जान से मारने की धमकी दी। इसके बाद उसने 16 मई को कोतवाली बस्ती और 18 मई को पुलिस अधीक्षक से शिकायत की, लेकिन कार्रवाई नहीं होने पर न्यायालय की शरण ली।
प्रभारी निरीक्षक संतोष कुमार ने बताया कि न्यायालय के आदेश पर आरोपी पंकज के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। मामले की जांच उपनिरीक्षक स्वामीनाथ सिंह को सौंपी गई है।