बस्ती। शहर के मालवीय रोड स्थित एक प्राइवेट हॉस्पिटल में रविवार दोपहर एक वृद्ध महिला की मौत के बाद परिजनों ने हंगामा शुरू कर दिया। परिजन इलाज में लापरवाही का आरोप लगा रहे थे। उनका कहना था कि इलाज के लिए पहले आयुष्मान कार्ड से मनमानी कटौती किया और दूसरी बार इलाज के नाम पर कैश वसूल लिया। विवाद के बाद शुरू हुई मान मनौव्वल के बाद परिजन मान गए और शव को लेकर चले गए। डिप्टी सीएमओ डॉ. एसबी सिंह ने बताया कि मौत की सूचना पर हॉस्पिटल से रिपोर्ट तलब की गई है। कोई लिखित शिकायत नहीं मिली है।
मिली जानकारी के अनुसार, एक फेफड़ा खराब होने के बाद महिला को निजी हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया था। वहां पर उसका आयुष्मान कार्ड से इलाज हुआ। दोबारा समस्या होने पर परिजन उसे इलाज के लिए लाए थे। इलाज के बाद अस्पताल ने कैश पैसा जमा कराया और मरीज को घर ले जाने को कहा। मरीज को व्हीलचेयर पर बैठाकर परिजन अस्पताल से बाहर नहीं जा पाए थे कि महिला की हालत बिगड़ गई और उसने दम तोड़ दिया। इसके बाद परिजन बिफर गए। लोगों का कहना था कि बाद में अस्पताल संचालक व तीमारदारों में समझौता हो गया। बताया गया कि पिछले 10 दिन में निजी अस्पताल में मौत का यह तीसरा मामला है, जिसमें परिजनों ने हॉस्पिटल पर इलाज में लापरवाही का आरोप लगाया है। स्वास्थ्य विभाग ने कार्रवाई करते हुए अमृत हॉस्पिटल मुंडेरवा को सील कर दिया, जबकि केडी हॉस्पिटल की ओपीडी व आईपीडी आदि चिकित्सकीय कार्य पर पूरी तरह रोक लगा दी है।
अस्पताल में मौत व हंगामा की सूचना मिली थी, हालांकि परिजनों की ओर से कोई लिखित शिकायत नहीं दी गई है। फिर भी एहतियातन जांच की जाएगी। बीएचटी की जांच होगी।
डॉ. एसबी सिंह, डिप्टी सीएमओ, नोडल अधिकारी, बस्ती।
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