सीएम के महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट ‘यूपी 100 सेवा’ बृहस्पतिवार से जिले में काम करना शुरू कर देगी। पुलिस इमरजेंसी प्रबंध प्रणाली (पीईएमएस) यूपी-100 का दोपहर एक बजेे पुलिस लाइंस में शुभारंभ किया जाएगा। इसके बाद से शहर से की गई कॉल पर 15 मिनट में और देहात से मदद को की गई कॉल पर महज 20 मिनट के अंदर पुलिस मौके पर हाजिर हो जाएगी।
माना जा रहा है कि इस परियोजना के लागू होने के बाद तकनीकी के इस्तेमाल के मामले में यूपी पुलिस सबसे हाईटेक होगी। यह सिस्टम पूरी तरह से आन-लाइन पद्घति पर है। इसमें डिजिटल मैपिंग के जरिए घटना स्थल का लोकेशन लिया जा रहा है। एसपी शैलेश कुमार पांडेय ने बताया कि कंट्रोल रूम में एक बार में 600 फोन लाइनें काम करेगी। लखनऊ, कानपुर, इलाहाबाद, मेरठ, आगरा, वाराणसी, बरेली, गोरखपुर, मुरादाबाद, रामपुर व झांसी मिलाकर 11 शहरों में यह परियोजना चल रही है। बस्ती समेत बाकी सभी जिलों में भी यह सिस्टम काम करने लगेगा। एसपी शैलेश कुमार पांडेय के अनुसार यूपी-100 फिलहाल पुलिस के लिए है लेकिन आगे इसे बहुआयामी बनाया जाएगा। इसे एंबुलेंस की 108 सेवा और फायर ब्रिगेड से भी जोड़ा जाएगा। अत्याधुनिक तकनीक की पुलिसिंग का लाभ सुदूर ग्रामीण क्षेत्रों को भी मिलेगा।