गौर (बस्ती)। करीब दो लाख की आबादी को स्वास्थ्य सुविधा देने वाले सीएचसी में अल्ट्रासाउंड मशीन नहीं है। यहां रोजाना 180 से 200 मरीज ओपीडी में आते हैं, लेकिन जांच सुविधा के अभाव में उन्हें प्राइवेट सेंटरों का सहारा लेना पड़ता है।
लोगों ने सीएचसी में जल्द से जल्द अल्ट्रासाउंड मशीन और महिला चिकित्सक की तैनाती की मांग की है। गौर सीएचसी का निर्माण 30 बेड के मॉडल अस्पताल के रूप में लगभग 16 वर्ष पहले हुआ था। आज तक अल्ट्रासाउंड जांच की सुविधा नहीं मिल सकी। परिसर में बने शौचालय वर्षों से बंद हैं। मरीजों और तीमारदारों को भारी परेशानी उठानी पड़ रही है।
इस सीएचसी के अधीन पीएचसी बभनान, हलुआ बाजार, हरदी, मुसहा और बेलघाट बाजार आते हैं। चंदा खुर्द संजीव दुबे ने कहा कि महिला डॉक्टर और अल्ट्रासाउंड सुविधा न होने से महिला मरीजों को ज्यादा दिक्कत हो रही है। परासडीह के शुभम शुक्ल ने कहा कि यहां उपलब्ध सेवाएं कभी बिजली तो कभी स्टाफ की कमी से नहीं मिल पाती हैं। मरीजों को बाहर जांच करानी पड़ती है।