बस्ती। नगर थाना क्षेत्र के रानीपुर मतदान केंद्र पर मंगलवार को मतदान के
दौरान फर्जी वोटिंग को लेकर मारपीट के मामले में पुलिस ने पांच लोगों के
विरुद्ध मुकदमा दर्ज किया है। इनमें एक पूर्व विधायक के पुत्र भी शामिल
हैं। सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है।
प्रधान पद के लिए
चुनाव के द्वितीय चरण में मंगलवार को दिन में तीन बजे के करीब रानीपुर
मतदान केंद्र पर फर्जी वोटिंग को लेकर दो पक्ष आपस में भिड़ गए थे। इसमें
रानीपुर गांव के ही पांच लोगों को चोटें आई थीं।
मतदान केंद्र और
उसके आसपास भारी भीड़ जमा हो जाने के कारण पुलिस को उन्हें खदेड़ने के लिए
आंसू गैस के गोले भी छोड़ने पड़े थे। इस मामले में पुलिस ने पूर्व विधायक
राना कृष्ण किंकर सिंह के पुत्र समेत पांच लोगों के खिलाफ सेवन क्रिमनल ला
अमेंडमेंट एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज किया है।
जिनके खिलाफ मुकदमा
दर्ज है, उनमें राना नागेश प्रताप सिंह पुत्र रामकृष्ण उर्फ राना कृष्ण
किंकर सिंह, अनिल सिंह व सुनील सिंह पुत्रगण जगन्नाथ सिंह निवासी रानीपुर
के अलावा संजय सिंह उर्फ राघवेंद्र पुत्र रामप्रीत सिंह और सोनू उर्फ चंद्र
प्रताप सिंह पुत्र हेमंत सिंह निवासी देवरिया बाबू थाना रामकोला जिला
कुशीनगर शामिल हैं। मुकदमा नगर थाने के एसओ ओंकार सहाय की तहरीर पर दर्ज
किया गया है।
वहीं पूर्व विधायक राना कृष्ण किंकर सिंह के भतीजे और
पूर्व ब्लॉक प्रमुख राना दिनेश प्रताप सिंह ने कहा कि मतदान केंद्र पर कोई
बवाल नहीं हुआ। यदि ऐसा होता तो पीठासीन अधिकारी तहरीर देते। यहां तो खुद
पुलिस पार्टी बन गई और दोनों पक्षों के न चाहने के बाद भी मुकदमा दर्ज कर
लिया। पुलिस की कार्रवाई ठीक नहीं है।
हो गई जमानत
इस मामले में
गिरफ्तार किए गए पूर्व विधायक के पुत्र सहित सभी आरोपियों की जमानत बुधवार
को ही हो गई। न्यायिक मजिस्ट्रेट शुभम वर्मा की अदालत में अभियुक्त राना
नागेश प्रताप सिंह, संजय सिंह उर्फ राघवेंद्र, सोनू उर्फ चंद्रप्रताप सिंह,
अनिल सिंह व सुनील सिंह के जमानत पर सुनवाई हुई। कोर्ट ने सभी को जमानत दे दी।