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बालक का शव मिलने से सनसनी ---

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बालक का शव मिलने से सनसनी
पुलिस ने सही पहचान नहीं होने पर अज्ञात में रखा
साऊंघाट ब्लॉक के पास मिल के पीछे मिला शव
अमर उजाला ब्यूरो
वाल्टरगंज। पुरानी बस्ती क्षेत्र के साऊंघाट ब्लॉक के पास स्थित मिल के पीछे खेत में करीब 13 वर्षीय बालक की लाश मिलने से सनसनी फैल गई। आसपास के लोग जुटे लेकिन शिनाख्त नहीं हो सकी।
सूचना पर पुरानी बस्ती थानाध्यक्ष सर्वेश राय पूरी टीम के साथ पहुंचे। शव को कब्जे में लेने के साथ ही उच्चाधिकारियों को जानकारी दी। मौके पर सीओ सिटी आलोक कुमार सिंह भी पहुंचे। थानाध्यक्ष सर्वेश राय ने बताया कि शव सड़ने से पहचान नहीं हो पा रही है। शरीर पर काले रंग का लोअर तथा काली टी शर्ट है पास से हवाई चप्पल भी बरामद हुआ है। कुछ लोग हथियागढ़ के चंद्रहास के बेटे रंजीत के रूप में कपड़े के आधार पर शव होने का अनुमान लगा रहे थे। स्थिति स्पष्ट नहीं होने पर ग्राम प्रधान से पंचनामा भराकर पुलिस ने शव को अज्ञात में पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
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परिवार वालों को रंजीत की लाश होने का संदेह
हथियागढ़ निवासी चंद्रहास का बेटा रंजीत पांच दिन से गायब है। घरवालों का कहना था कि कुछ बदमाशों ने रविवार को अपहरण कर लिया। लोग 50 लाख की मांग कर रहे थे। अगले दिन सुबह पुलिस को जानकारी दी गई। डर के मारे किसी को नहीं बताया गया। बुआ, मां और बहन भी कपड़े और चप्पल के आधार पर रंजीत के शव होने की बात स्पष्ट नहीं कर पा रहे। पिता चंद्रहास ने बताया कि पहचान पूरी नहीं है। इस संबंध में पूछे जाने पर सीओ सिटी आलोक कुमार सिंह ने बताया कि 100 फीसदी पहचान नहीं हो पा रही है। परिजन भी संदेह में हैं कि हमारा लड़का है कि नहीं। रंजीत के संबंध में बताया कि पिता की ओर से दिए गए नंबर पर ट्रेस कराया गया है। मामले की जांच की जा रही है।
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अनहोनी से डरे थे माता-पिता
रंजीत के गायब होने के बाद से ही माता-पिता मीडिया को कुछ भी बताने से कतरा रहे थे। मां सुनीता देवी कहती हैं कि एसओ साहब जानें। रंजीत रविवार शाम घर से खाना खाकर पॉलिटेक्निक चौराहे पर स्थित होटल में सोने के लिए निकला लेकिन पहुंचा नहीं था। उस दिन बड़े भाई अजय ने समझा कि घर पर ही सो गया होगा। रंजीत संजय कॉलोनी में कक्षा पांच का छात्र था। सोमवार सुबह स्कूल जाने के लिए घर नहीं पहुंचा तो खोजबीन शुरू हुई। अगले दिन पिता के मोबाइल पर एक अंजान नंबर से फोन था कि तुम्हारा बेटा मेरे कब्जे में है, 50 लाख दे दो और बेटे को ले जाओ। जिसके बाद फोन स्विच ऑफ कर लिया। परिवार को लोगों ने थाने पहुंचकर घटना की जानकारी दी।
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