बस्ती। प्रधानमंत्री आवास योजना में फर्जीवाड़ा का एक मामला प्रकाश में आया है। शहर के बेलवाडाड़ी मोहल्ले में मकान और जमीन किसी और के नाम से तथा प्रधानमंत्री आवास योजना का अनुदान इस मकान में वर्षों से रहने वाले दूसरे व्यक्ति को दे दिया गया है। इस मामले का पर्दाफाश तब हुआ जब पीड़ित पक्ष ने अपनी आवाज अफसरों तक पहुंचाई।
गोलमाल की जानकारी के बाद विभाग ने संबंधित का धन रोक दिया है, मगर जिम्मेदारों का कहना है कि पीड़ित स्वयं यहां शिकायत करे और जमीन व मकान उसका है, इसका भी प्रमाण दे, तभी कुछ हो सकता है।
शहर के मोहल्ला बेलवाडाड़ी निवासी श्यामा पत्नी सुभाष का खपरैल का मकान है। वतर्मान में वह कप्तानगंज कस्बे में रहती हैं। बकौल श्यामा बेलवाडाड़ी मोहल्ले का मकान एक व्यक्ति को रहने के लिए दिया था मगर अब वह इस मकान पर जबरन कब्जा कर रहा है। उक्त ने नगर पालिका और डूडा के कर्मियों से मिलीभगत कर प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत अनुदान भी स्वीकृत करा लिया है, इसी अनुदान से वे खपरैल को गिरवा कर पक्का मकान का निर्माण करा रहा है। पीड़ित का कहना है कि जानकारी के बाद जब उन्होंने ऐसा करने से मना किया तो वह विवाद पर आमादा हो गया। ऐसे में पीड़ित ने डीएम, एसडीएम व कोतवाली पुलिस को शिकायती पत्र देकर तत्काल मकान का काम बंद कराने की मांग उठाई है।
नगरीय विकास अभिकरण के परियोजना प्रबंधक सतीश सिंह ने कहा कि विभाग ने नियमानुसार ही अनुदान पर स्वीकृति दी है, मगर शिकायत के बाद उसे धन नहीं दिया गया है। शिकायतकर्ता स्वयं आकर अपनी लिखित शिकायत करे, साथ ही प्रमाण भी उपलब्ध कराए तो संबंधित के आवेदन को निरस्त किया जाएगा।