जिला अस्पताल में चिकित्सीय परामर्श के लिए ओपीडी में इंतजार करते मरीज संवाद
बस्ती। मौसम के बदलते मिजाज ने लोगों की सेहत बिगाड़ना शुरू कर दिया है। दिन में तेज धूप और रात में हल्की ठंड के कारण वायरल बुखार के साथ-साथ गले के संक्रमण (थ्रोट इंफेक्शन) के मरीजों की संख्या बढ़ी है।
बृहस्पतिवार को जिला अस्पताल में सुबह से मरीजों का आना शुरू हो गया है, जो दोपहर एक बजे तक जारी रही। इस दौरान कुल 987 मरीजों ने पंजीकरण कराया। इसमें सबसे अधिक सर्दी, जुकाम, बुखार, वायरल के अलावा गले के संक्रमण के रहे। ईएनटी सर्जन डॉ. एसएस कन्नौजिया ने बताया कि सामान्य दिनों में गले की समस्या लेकर औसतन 20 से 25 मरीज पहुंच रहे थे मगर, बदलते मौसम में अब यह संख्या बढ़कर 30 हो गई है।
चिकित्सकों का कहना है कि लापरवाही बरतने पर यह संक्रमण फेफड़ों तक पहुंच सकता है। गले में संक्रमण के चलते खाने-पीने में परेशानी हो रही है। जिला अस्पताल के मेडिसिन विभाग के डॉ. मो. जमा ने सलाह दी है कि इस मौसम में फ्रिज का ठंडा पानी, कोल्ड ड्रिंक और खट्टी चीजों से पूरी तरह परहेज करें। गले में खराश होने पर गुनगुने पानी में नमक डालकर गरारे करें। डॉक्टर के परामर्श के बाद ही एंटीबायोटिक का सेवन करें।
बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. पीएस पटेल का कहना है कि, मौसम के उतार-चढ़ाव के चलते कमजोर बच्चे बीमार होकर आ रहे हैं। उनमें वायरल बुखार और खांसी की शिकायत है। उन्हें पीआईसीयू में भर्ती करना पड़ रहा है। सीने में जकड़न वाले बच्चों को भाप दिलवाया जा रहा है। बच्चों को गुनगुना पानी पिलाएं।