- कप्तानगंज क्षेत्र के गड़हा गौतम के पास किराये के मकान में चल रही थी फैक्टरी
- शिकायत मिलने पर जिला कृषि अधिकारी ने राजस्व टीम के साथ मारा था छापा
संवाद न्यूज एजेंसी
कप्तानगंज। गढ़ा गौतम में पकड़ी गई नकली डीजल यूरिया फैक्टरी के संचालक अरविंद तिवारी निवासी नथऊपुर-हर्रैया पर पुलिस ने शनिवार को देर रात केस दर्ज किया है और गिरफ्तारी का प्रयास तेज कर दिया है।
जिला कृषि अधिकारी डॉ. बाबूराम मौर्य ने संचालक अरविंद तिवारी के खिलाफ पुलिस को तहरीर दी गई है। वहीं कप्तानगंज पुलिस ने गंभीर धाराओं में केस दर्ज कर संचालक के कई अड्डों पर दबिश देनी शुरू कर दी है। जिला कृषि अधिकारी ने बताया कि मामले में कई अन्य पहलुओं पर जांच की जा रही है।
सूत्रों के अनुसार बस्ती-अयोध्या फोरलेन व आसपास के इलाको में नकली डीजल यूरिया की कई फैक्टरी चल रही है। इसकी खपत फोरलेन पर सबसे अधिक हो रही है। 20 रुपये प्रति लीटर नकली डीजल यूरिया आसानी से मिल जाती है। उसे 10 व 20 लीटर की बाल्टियों में भरकर बेचा जाता है।
बता दें कि कप्तानगंज क्षेत्र के किसी व्यक्ति ने बुधवार की देर शाम जिला कृषि अधिकारी व पुलिस को फोन कर बताया था कि गढ़ा गौतम गांव में फोरलेन के किनारे अरुण प्रताप सिंह के मकान में नकली डीजल यूरिया की फैक्टरी चल रही है। यह मकान बस्ती-अयोध्या फोरलेन पर ओवरब्रिज के पास बना है। मकान के ऊपरी तल पर टेंट की दुकान है और नीचे बेसमेंट में हर्रैया क्षेत्र नथऊपुर गांव के रहने वाले अरविंद कुमार तिवारी ने आरओ प्लांट व केमिकल यूरिया बनाने का काम शुरू किया है।
सूचना पर कप्तानगंज के प्रभारी निरीक्षक उपेंद्र कुमार मिश्रा व जिला कृषि अधिकारी डॉ. बाबूराम मौर्या ने छापा मारा तो वहां पर डीजल यूरिया केमिकल बनाने का उपकरण, पानी की कई टंकी, बाल्टी व यूरिया की बोरी सहित अन्य उपकरण मिले। रात होने के कारण कमरे में ताला लगाकर सभी अधिकारी लौट गए। दूसरे दिन सुबह नायब तहसीलदार कमलेंद्र सिंह, एसएचओ व जिला कृषि अधिकारी पुलिस टीम के साथ पहुंचे और कमरे का ताला खोलवाया तो सबके होश उड़ गए। यहां बड़े पैमाने पर नकली फ्लूइड यूरिया की फैक्ट्री पाई गई। यह फ्लूइड बीएस 6 गाड़ियों में प्रयोग की जाती है।