प्राथमिक विद्यालय डारीडीहा मे जांच करते अधिकारी।
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सदर ब्लॉक के डारीडीहा प्राथमिक विद्यालय पर बच्चों की किताब की आंच से बच्चों के लिए दोपहर का भोजन बनवाने का मामला प्रकाश में आया है। जानकारी होते ही डीएम ने तहसीलदार सदर को भेजकर जांच कराया तो आरोप सही पाया गया। डीएम ने फौरन हेडमास्टर को सस्पेंड करते हुए खंड शिक्षा अधिकारी सदर से जवाब तलब किया है। बीएसए एमपी वर्मा ने बताया कि जांच में पुष्टि होने के बाद प्रधानाध्यापिका नूरीन फातमा को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है।
शहर से सटे डारीडीहा प्राथमिक विद्यालय पर बच्चों के लिए शनिवार को मध्यान्ह भोजन तैयार हो रहा था। यहां चूल्हे को जलाने के लिए लकड़ी के बजाय सरकारी पुस्तकें चूल्हे में झोंककर जलाया गया। इसकी सूचना किसी ने डीएम को दे दी। डीएम ने फौरन सदर तहसीलदार और बीईओ सदर ब्लॉक उदयभान कुशवाहा को जांच के लिए स्कूल पर भेजा। वहां हकीकत में सरकारी किताबों को चूल्हे में जलाकर एमडीएम का भोजन बनते मिला। अधिकारियों के पहुंचने पर हड़बड़ी में स्टाफ के लोग बच्चों को लकड़ी ढोने को लगा दिया। जिस पर भी अफसरों ने आपत्ति दर्ज कराई। जांच रिपोर्ट के आधार पर प्रधानाध्यापिका नूरीन फातमा को निलंबित कर प्राथमिक विद्यालय चिलवनिया से संबद्ध कर दिया गया है।
बताया जा रहा है शिक्षा सत्र 12-13 और 15-16 में सदर ब्लॉक के प्राइमरी स्कूलों के बच्चों को वितरित करने के लिए भेजी कोर्स की किताबें डारीडीहा विद्यालय पर रखकर प्रधानाध्यापिका को सौंप दिया था। बताया जा रहा है कि पिछले कई महीने से यह सिलसिला चल रहा था।