बाइक चोर गिरोह का पर्दाफाश, तीन गिरफ्तार
बस्ती। जिले में सक्रिय वाहन चोरों के शातिर गैंग का कोतवाली पुलिस के साथ स्वॉट व एसओजी की संयुक्त टीम ने पर्दाफाश किया है। दो पहिया वाहनों को चुराने वाला यह गैंग वारदात के बाद पहिए से लेकर हर पार्ट को अलग-अलग कर एक मिस्त्री को बेच देता था। पुलिस ने बाइक चुराने वाले दो शातिरों समेत चोरी का माल खरीदने वाले दुकानदार को गिरफ्तार कर लिया है।
एएसपी रविंद्र कुमार सिंह ने शनिवार को पुलिस कार्यालय में धरपकड़ की जानकारी देते हुए बताया कि पुरानी बस्ती के हवेली खास का रहने वाला राहुल कुमार, मड़वानगर निवासी अमर कुमार के साथ बाइक चोरी करता था। संतकबीरनगर के महुली थानांतर्गत बारीडिहा निवासी दिनेश चंद्र नेे बस्ती कोतवाली के हरदिया चौराहे पर कबाड़ी की दुकान खोल रखी है, उसे चोरी का माल बेच देते थे। संयुक्त टीम ने तीनों को कोतवाली क्षेत्र के फव्वारा तिराहे व हरदिया के पास से पकड़ा है। उन्होंने बताया कि राहुल कुमार के खिलाफ कोतवाली में चोरी व माल बरामदगी समेत तीन मुकदमे दर्ज हैं। वह कोतवाली का गैंगस्टर भी है। टीम ने उसके कब्जे से चार बाइक, बीस बाइकों के पहिए समेत अन्य सामान बरामद कर लिया है। तीनों के खिलापु मुकदमा दर्ज किया गया है।
एएसपी के अनुसार पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि भीड़भाड़ वाले स्थान से गाड़ियों में मास्टर चाभी लगाकर उसे बड़ी आसानी से चुरा लेते थे। गाड़ी व उसके पार्ट को अलग-अलग करके कबाड़ी दिनेश चंद्र की हरदिया चौराहा पर स्थित दुकान पर बेच दिया जाता था। पिछले एक माह में 18 गाड़ियां चोरी की थी। इनमें से चार गाड़ी का पार्ट बेचने के लिए नहीं खोल पाए थे। बाकी गाड़ियों के पार्ट्स कबाड़ी को बेच दिया था। चोरी के तुरंत बाद बाइक के पार्ट बदल देने से पकड़े जाने का डर ही नहीं रहता था। चोरी के बाद पहले नंबर प्लेट बदल देते और बाद में उसका पार्ट्स खोलकर बेच देते थे। पुलिस ने तीनों की निशानदेही पर चोरी की बाइक व पार्ट्स बरामद कर लिया है।
इस टीम को मिली सफलता
बाइक लिफ्टर्स के गिरोह का पर्दाफाश करने वाली संयुक्त टीम में कोतवाल रामपाल यादव, प्रभारी निरीक्षक एसओजी मृत्युंजय पाठक, प्रभारी स्वॉट राजकुमार पांडेय, एसएसआई कोतवाली अरविन्द कुमार शाही, एसआई जनार्दन प्रसाद, इन्द्रभूषण सिंह, पवन मिश्रा, सुरपति त्रिपाठी, स्वॉट के कांस्टेबल मनोज राय, मनिन्द्र चन्द्र, अभिषेक तिवारी, देवेन्द्र निषाद, कोतवाली के कांस्टेबल मनोज यादव, शैलेंद्र यादव, हरेंद्र यादव, कृष्णानंद यादव, आर वर्मा, एसओजी के सिपाही अजय यादव, राम सुरेश यादव, बुद्धेश कुमार व दिलीप कुमार शामिल रहे।