बिजली निगम के कर्मियों ने शुरू किया अनिश्चितकालीन हड़ताल
- प्रबंधन पर शोषण करने का लगाया आरोप, निजीकरण नीति को बताया जनविरोधी
- मशाल जुलूस निकालकर जताई नाराजगी
संवाद न्यूज एजेंसी
बस्ती। बिजली अभियंता व कर्मचारियों ने मंगलवार से कार्य बहिष्कार कर अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू कर दिया है। मुख्य अभियंता परिसर में धरने पर बैठे अभियंताओं ने बिजली निगम के प्रबंधन पर शोषण करने का आरोप लगाया।
अभियंताओं ने कहा कि शीर्ष प्रबंधन के अलोकतांत्रिक रवैए से सब परेशान हैं। मांगों के समर्थन में कार्यबहिष्कार कर अनिश्चितकालीन धरना शुरू किया गया है। शाम पांच बजे से मशाल जुलूस निकाल कर निजीकरण का विरोध किया।
अभिंयता संघ के क्षेत्रीय सचिव मनोज कुमार यादव ने बताया कि सोमवार को अपर मुख्य सचिव ऊर्जा ने संघ के केंद्रीय नेतृत्व से वार्ता किया, जो बेनतीजा रही। इसके बाद अनिश्चितकालीन कार्य बहिष्कार करने का निर्णय लिया गया। उन्होंने बताया कि ऊर्जा प्रबंधन का हठवादी रवैया किसी के हित में नहीं है। यदि ऊर्जा निगमों का निजीकरण कर दिया गया तो बिजली मंहगी हो जाएगी और आम आदमी की पहुंच से बाहर हो जाएगी।
उपभोक्ताओं का शोषण शुरू हो जाएगा। विद्युत कर्मचारी संघर्ष समिति के संयोजक अशर्फी लाल ने कहा कि निजीकरण की नीति जनविरोधी है। इससे निजी कंपनियों की तानाशाही बढ़ जाएगी। निजीकरण नीति सिर्फ लाभ पर निर्धारित है। शाम पांच बजे से अभियंताओं ने निगम कार्यालय परिसर में भगत सिंह चौराहे तक मशाल जुलूस निकाला।
कार्यक्रम का संचालन गजेंद्र श्रीवास्तव ने किया। इस दौरान अरुण कुमार उपाध्याय, अशोक पाल, अमित कुमार, महेंद्र कुमार मिश्र, मनोज गौड़, राम इकबाल प्रसाद, नसीर अहमद, मो. मेहताब, वागीश गुप्ता, राम बहादुर यादव आदि मौजूद रहे।
आपूर्ति पर नहीं पड़ने दिया जाएगा असर
विद्युत वितरण मंडल अधीक्षण अभियंता एसके आर्या ने बताया कि अभियंताओं सहित सभी कर्मी कार्य बहिष्कार कर धरना दे रहे हैं। बिजली आपूर्ति बनाए रखने के लिए संविदाकर्मियों को लगाया गया है। जरूरत के अनुसार आईटीआई प्रशिक्षुओं से भी मदद ली जा रही है। मंगलवार को आपूर्ति सामान्य बनी रही।
एक सांप के कारण रातभर अंधेरे में डूबे 90 गांव
महराजगंज (बस्ती)। 33/11 केवी विद्युत उपकेेंद्र कप्तानगंज में सोमवार रात नौ बजे सांप घुस गया। उपकेंद्र पर लगे पैनल में सांप घुसने से बिजली आपूर्ति ठप हो गई। जिससे करीब 90 गांवों के 16,000 उपभोक्ताओं को बिना बिजली के रात काटनी पड़ी। अवर अभियंता राजेश कुमार ने बताया कि इनकमिंग एक फीडर में सांप के जाने से पैनल में फाल्ट आ गया। इसके बाद लाइन आपूर्ति ठप हो गई। पैनल खोलने में देखा गया कि उसमें सांप बैठा मिला। सपेरे को बुलाकर सांप पकड़वाया गया, लेकिन फीडर ब्रेक डाउन होने के कारण आपूर्ति बहाल नहीं की जा सकी। आपूर्ति मंगलावार दिन में करीब 11 बजे सामान्य हो पाई।