बृहस्पतिवार रात पुलिस को बड़ी कामयाबी हाथ लगी है। पुलिस ने कई वर्षों से नाक में दम किए टप्पेबाजों के अंतर्राज्यीय गिरोह के चार गुर्गे पकड़े हैं।
लग्जरी कार से चलने वाले इन बदमाशों के मुखिया पंकज राव ने बताया कि अब तक वे अनगिनत वारदात कर चुके हैं। कुशीनगर जिले के रहने वाले बदमाशों ने बताया कि पूर्वी यूपी से लेकर बिहार, झारखंड, पश्चिम बंगाल ही नहीं बल्कि पड़ोसी देश नेपाल में घुसकर लूट, छिनैती, टप्पेबाजी की डेढ़ सौ से ज्यादा घटनाओं को अंजाम दे चुके हैं। सोनहा के करैली मोड़ से तीन अप्रैल को लूटे गए 49 हजार रुपये भी बरामद किए गए। शुक्रवार को पुलिस लाइंस के कांफ्रेंस हॉल में आयोजित वार्ता में एसपी शैलेश कुमार पांडेय ने बताया कि करैली मोड़ पर सिद्धार्थनगर के डुमरियागंज निवासी युनूस को रोककर 49 हजार रुपये लूटने की घटना का पर्दाफाश करने की जिम्मेदारी एएसपी रोहित मिश्र के पर्यवेक्षण में सीओ रुधौली पवन गौतम, सर्विलांस सेल प्रभारी पंकज पांडेय और सोनहा के थानेदार ओपी यादव को टास्क दी गई। मुखबिर की सूचना पर डुमरियागंज रोड पर बैड़वापुल के पास से कार में सवार चार युवक पकड़े गए। पूछताछ में चारों ने करैली मोड़ की घटना को कबूल किया। साथ ही तमाम पिछली घटनाओं के बारे में बताया। उस दिन लूटे गए रुपये आदि भी बरामद किए गए। गिरफ्तार बदमाशों में कुशीनगर जिले के कसया थानाक्षेत्र के अहिरौली निवासी सकलन, नटवलिया निवासी पंकज राव, चार गाहा थानाक्षेत्र के अहिरौली निवासी काजू गिरी और थाना रामकोला के बाबू छपरा निवासी सर्वेश सिंह शामिल हैं। एसपी ने बताया कि इस वर्कआउट में थाने के कांस्टेबल जितेंद्र सिंह और जनार्दन प्रसाद प्रजापति की अहम भूमिका रही। इस पर्दाफाश पर एसपी, डीआईजी और आईजी की तरफ से क्रमश: पांच, दस और पंद्रह हजार रुपये पुरस्कार देने का घोषणा किया गया। एएसपी रोहित मिश्र भी मौजूद रहे।
मदद के बहाने कार में बैठाते थे
गिरफ्त में आए बदमाशों ने कबूला कि वे शहर के बैंकों की पहले सूची बनाते हैं। लोकेशन अनुकूल होने पर बैंक के भीतर जाकर ऐसे लोगों को तलाश करते हैं, जो चलने-फिरने में असमर्थ होते हैं। उन्हें पहुंचाने के बहाने कार में बैठाते थे और सूनसान स्थान पर ले जाकर लूट लेते थे।