प्रधानमंत्री के खिलाफ परिवाद दाखिल
सीजीएम कोर्ट में आठ अप्रैल को सुनवाई
अमर उजाला ब्यूरो
बस्ती। मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट मनोज कुमार की अदालत में कोतवाली थाना क्षेत्र के सिविल लाइंस निवासी राना दिनेश प्रताप सिंह ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी खिलाफ परिवाद दाखिल किया है। यह परिवाद काशी विश्वनाथ कॉरिडोर के शिलान्यास के दौरान दिए गए वक्तव्य से भावनाएं आहत होने पर दाखिल किया है।
अधिवक्ता नरेंद्र पांडेय के माध्यम से दाखिल परिवाद में कहा गया है कि आठ मार्च 2019 को वाराणसी में प्रधानमंत्री ने उक्त शिलान्यास के मौके पर कहा था कि ढाई सौ साल से बाबा भोले नाथ को सांस लेने में दिक्कत हो रही थी, आज मुक्ति का पर्व है। बाबा का मां गंगा से सीधा संबंध हो गया है। प्रधानमंत्री मोदी के भाषण से यह परिलक्षित होता है कि वह अपने को शिव से भी सर्वोपरि मानते हैं। उनके इस बयान को परिवादी और गवाहों ने टीवी पर सुना और नौ मार्च के समाचार पत्रों में भी पढ़ा। इस बयान से शिव भक्तों की धार्मिक भावनाएं आहत हैं। न्यायालय ने प्रकीर्ण वाद की सुनवाई के लिए आठ अप्रैल की तिथि नियत की है।