सदर विधान सभा के नामाकंन कक्ष मे नामाकंन पत्रो की जांच की गयी।
बस्ती जिले के पांच विधानसभा क्षेत्रों से चुनाव लड़ने वालों की स्थित नाम वापसी के बाद स्पष्ट हो गई। सोमवार को कुल पांच उम्मीदवारों ने पर्चे वापस लिए। इनमें सबसे अधिक रूधौली के तीन और कप्तागंज के दो प्रत्याशी शामिल हैं।
आठ प्रत्याशियों का पर्चा पहले ही नामाकंन पत्रों की जांच के दौरान खारिज हो चुका है। अब कुल 58 प्रत्याशी चुनाव मैदान में रह गए हैं। हर्रैया और सदर विधानसभा क्षेत्रों से 14-14, रूधौली से 13, महादेवा सुरक्षित से नौ एवं सबसे कम कप्तानगंज विधानसभा क्षेत्र से आठ प्रत्याशी चुनाव लड़ेंगे। पहले 71 प्रत्याशियों ने नामांकन दाखिल किया था। सोमवार को चुनाव चिन्ह का भी वितरण कर दिया गया। कांग्रेस, भाजपा, सपा, बसपा, राष्ट्रीय लोकदल, कम्यूनिस्ट पार्टी आफ इंडिया मार्क्ससिस्ट और मान्यता प्राप्त राजनैतिक दलों समेत 58 प्रत्याशी अपने किस्मत को आजमाने के लिए चुनाव मैदान में कूद पड़े हैं। कुछ प्रत्याशी इस चुनाव को अंतिम चुनाव मानकर सब कुछ दांव पर लगाने के लिए तैयार हैं। वहीं कुछ ऐसे भी निर्दल प्रत्याशी हैं, जो धन और बल के सहारे चुनाव जीतना चाहते हैं, इनके पास अन्य नेताओं से अधिक संपत्ति हैं। चुनाव लड़ रहे एक प्रत्याशी की माली हैसियत 36 करोड़ का रुपये अधिक है, जो कि अन्य सभी प्रत्याशियों से अधिक है। नामांकन वापसी के बाद चुनाव चिन्ह का आवंटन किया गया। इस दौरान निर्दलीय उम्मीदवारों के चेहरे पर कौतूहत के भाव रहे। कइयों को उनके इच्छित चुनाव चिन्ह मिल गए। कुछ को मायूस होना पड़ा।