लोगों का कहना है कि शराब के रेट में इजाफा होने से बच्चे व युवा सस्ते नशा की ओर बढ़ रहे हैं। शराब से आधी कीमत पर ही सिरप मिल जाते हैं। साथ ही नशा भी शराब से ज्यादा होता है। ये नशा स्वास्थ्य के लिए घातक है, फिर भी युवा इसका सेवन कर रहे हैं। 70-75 रुपये की एक शीशी सिरप से ही 300 मिलीलीटर शराब के बराबर नशा हो जाता है, जिसकी अनुमानित कीमत ढाई से तीन सौ रुपये है।
खराब हो सकती है किडनी
जिला अस्पताल के फिजिशियन डॉ. रामजी सोनी बताते हैं कि कई कफ सिरप मेंकोडीन फॉस्फेट रहता है। इससे ज्यादा लेने से नशा होने लगता है। अगर लगातार कफ सिरप का सेवन किया जाता है तो इसकी लत लग जाती है, जिससे किडनी का इंफेक्शन समेत कई प्रकार की बीमारियां हो सकती हैं। कफ सिरप को बिना वजह और ज्यादा मात्रा में लेने से इसमें मौजूद सॉल्ट से व्यक्ति को सुरूर बनता है और खुमारी आती है।
कफ सिरप लेने से वैसा ही आनंद मिलता है जो शराब पीने से आता है। सिरप के लगातार सेवन से इससे शरीर में अधिक मात्रा में डोपामाइन हार्मोन रिलीज होता है। इससे व्यक्ति को खुशी मिलती है। लेकिन, इससे किडनी खराब हो सकती है साथ ही ये ब्रेन पर असर और एलर्जी भी कर देती है।