सोनहा के आहर और गौर के पौनी जप्ती गांव में आग का कहर
संवाद न्यूज एजेंसी
बस्ती। जिले के दो स्थानों पर लगी आग में 134 बीघा गेहूं व 1.50 बीघा गन्ने की फसल जलकर राख हो गई। इन दोनों स्थानों पर फायरब्रिगेड की गाड़ी पहुंची जरूर, मगर तब तक आग बुझ चुकी थी। कई परिवारों की उम्मीद कसे आग के कहर ने राख कर दिया।
सोनहा प्रतिनिधि के अनुसार आहर गांव के उत्तर सिवान में गेहूं के बीच में आग लगने से आहर गांव निवासी अरविंद कुमार, संजय पांडेय, संतोष पांडेय, अजय पांडेय, शिव प्रसाद विश्वकर्मा, घिसियावन विश्वकर्मा, वंशीधर, उर्मिला, अजय पांडेय, विजय पांडेय सहित करीब 15 लोगों का करीब 129 बीघा गेहूं की फसल जल गई। लहलहाती खड़ी फसल को जला देख किसान शोर मचाकर लोगों से फसल बचाने की गुहार करते रहे। किसानों की खून पसीने की कमाई उनके नजरों के सामने ही राख हो गई।
इस घटना के बाद बैडवा में बने फायर स्टेशन के दावे की पोल उस समय खुल गई जब फायर स्टेशन से 200 मीटर की दूरी पर ही आग लग गई। आग लगने पर फोन पर ग्रामीण सूचना देते रहे, मगर कोई फोन नहीं उठाया। इसके बाद कुछ लोग फायर स्टेशन पहुंच गए, मगर जब तक गाड़ी आती तब तक आग बुझ चुकी थी।
गौर प्रतिनिधि के अनुसार ग्राम सभा पौनी जप्ती गांव के पूरब तरफ सिवान में प्राथमिक विद्यालय के पास शाॅर्ट सर्किट से आग लग गई। इससे पांच से छह बीघा गेहूं और गन्ने की फसल जलकर राख हो गई। आग लगने की सूचना लोगों ने फायर ब्रिगेड और गौर पुलिस को दी, लेकिन आग बुझाने तक फायर ब्रिगेड की गाड़ी मौके पर नहीं पहुंच सकी। ग्रामीणों ने खेतों में ट्रैक्टर चलाकर आग को बुझाया। आग लगने से विश्वनाथ बिहारी यादव का ढाई बीघा गेहूं और एक बीघा गन्ने की फसल तो शालिक राम कनौजिया का ढाई बीघा गेहूं, पांच बिस्सा गन्ना, अशोक कुमार कनौजिया छह बिस्सा गन्ना जलकर नष्ट हो गया। सूचना पाकर मौके पर पहुंचे प्रभारी निरीक्षक गौर रामकुमार राजभर ने बताया कि आगजनी की घटना में किसानों की फसलों का काफी नुकसान हुआ है।फसलों की नुकसान के लिए राजस्व विभाग के कर्मचारियों को सूचना दे दिया गया है।