शस्त्र रजिस्टर में दर्ज पते पर नहीं मिल रहे असलहाधारी, कार्रवाई की शुरू हुई तैयारी
नहीं मिल रहे कोतवाली क्षेत्र के सर्वाधिक 878 लाइसेंसी
संवाद न्यूज एजेंसी
बस्ती। जिले के 2584 शस्त्रधारी लापता हैं। चुनाव के मद्देनजर सरकारी अभिलेख में दर्ज पते पर पुलिस उन्हें खोज रही है। मगर, इनका कोई ठौर ठिकाना नहीं मिल पा रहा है। यह रिपोर्ट डीएम अंद्रा वामसी तक पहुंची है। ऐसे लाइसेंसियों पर कार्रवाई की तलवार लटकी है। डीएम ने लापता शस्त्रधारियों के लाइसेंस संबंधी रिपोर्ट तैयार करने के निर्देश दिए हैं। इसमें यह पता लगाया जाएगा कि कितने ऐसे शस्त्रधारी हैं जिनका लाइसेंस केवल जनपद स्तर पर निर्गत है और वह अन्य जिलों में रहने लगे हैं। प्रशासन ऐसे लोगों का लाइसेंस निरस्त कर देगा।
चुनाव अधिसूचना जारी होने के बाद से प्रशासन निजी असलहों को जमा कराने पर विशेष जोर दे रहा है। डीएम स्तर से बिना वाजिब कारण के असलहा न जमा करने पर लाइसेंस निरस्त करने की चेतावनी भी जारी की गई है। बावजूद इसके शत-प्रतिशत निजी असलहे जमा नहीं हो सके हैं। जिले में कुल 7394 लोगों को असलहे का लाइसेंस निर्गत किया गया है। चुनाव के दौरान अब तक 4610 असलहे ही विभिन्न थानों में जमा कराए गए हैं।
प्रशासन की सख्ती पर विभिन्न थानों की पुलिस ने शस्त्रधारियों के पते पर नोटिस के साथ पहुंचना शुरू की तो चौकाने वाले तथ्य सामने आए। कुल 2584 शस्त्रधारी अपने दिए हुए पते पर मिले ही नहीं। इनका नया ठौर ठिकाना भी पुलिस को नहीं पता चल सका है। इसमें सर्वाधिक कोतवाली क्षेत्र में 878 शस्त्रधारी लापता बताए गए हैं। पुरानी बस्ती क्षेत्र में 126, वाल्टरगंज में 93, रुधौली में 63, मुंडेरवा में 141, सोनहा में 87, लालगंज में 323, कलवारी 99, कप्तानगंज 114, नगर 190, दुबौलिया 29, हर्रैया 49, छावनी 63, परशुरामपुर 129, गौर 43 एवं पैकोलिया थाना क्षेत्र में 157 शस्त्रधारक अपने निर्धारित पते पर उपलब्ध नहीं पाए गए हैं। डीएम ने इन लाइसेंसियों की नए सिरे से रिपोर्ट तैयार करने के निर्देश दिए हैं। जिन्होंने अपना स्थान बदल दिया है या गैर जिलों में रहने लगे हैं और उनके लाइसेंस की मान्यता जिला स्तर पर ही है तो उन पर कार्रवाई की जाएगी।
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इन्हें मिलेगी असलहा जमा न करने की छूट
पेट्रोल पंप के संचालक, सिक्योरिटी गार्ड, बैंक ड्यूटी पर तैनात कर्मचारी, आभूषण करोबारियों को चुनाव में असलहा न जमा करने की छूट दी गई है। उन्हें इससे संबंधित ब्योरा प्रशासन को उपलब्ध नहीं कराना होगा। यदि बिना किसी ब्योरे के चुनाव के दौरान असलहा अपने पास रखेंगे तो संबंधित कार्रवाई की जद में आएंगे।
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कोट
चुनाव में बिना किसी कारण के असलहा न जमा करने वालों का लाइसेंस निरस्त कर दिया जाएगा। लापता शस्त्रधारियों की रिपोर्ट तैयार कराई जा रही है। यदि उनके लाइसेंस की सीमा जनपद स्तर पर है और वह गैर जनपद या गैर प्रांत में रहने लगे हैं तो उनका लाइसेंस निरस्त किया जाएगा। इसके अलावा बिना सूचना के पता बदलने वालों पर भी कार्रवाई की जाएगी। चुनाव में शस्त्र रखने की अनुमति किसी भी लाइसेंसी को नहीं है।
अंद्रा वामसी-डीएम