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दूर होगी पेय जल की समस्या, खर्च होंगे 33 करोड़

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दूर होगी पेयजल की समस्या, खर्च होंगे 33 करोड़
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लाल निशान लगा कर दी गई थी चेेतावनी, पांच नये ट्यूबवेल व आठ नई पानी की टंकियां लगेंगी
अमर उजाला ब्यूरो
बस्ती। सवा लाख की आबादी वाले शहर से जल्द ही पेयजल समस्या दूर होने वाली है। इसके लिए 33 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। फिलहाल, दस हजार घरों को वाटर सप्लाई के कनेक्शन दिए जा चुके हैं। लेकिन अब भी हजारों घर ऐसे हैं, जिनके यहां वाटर सप्लाई का कनेक्शन नहीं हुआ है। वे देशी नल के जल का ही प्रयोग कर रहे हैं। जल निगम ने इन घरों को टारगेट कर कनेक्शन की कवायद शुरू कर दी है।
जलापूर्ति के लिए जलकल विभाग दो नये ट्यूबवेल लगवा रहा है, पहले 21 ट्यूबवेल के सहारे आपूर्ति होती थी। इन दो ट्यूबवेल के लगने से कुछ हदतक पानी की टंकियां भरने में राहत मिलेगी। इसी के साथ ही आठ नई पानी की टंकियां बनवाई जाएंगी। पहले पांच टंकियों के सहारे काम चलाया जा रहा था। पांच नये ट्यूबवेल भी लगेंगे। इस संबंध में जल निगम के जेई सुशील आनंद सिंह बताते हैं कि जल्द ही लोगों को पेयजल संकट से निजात मिलेगी। बताते हैं कि टेंडर प्रक्रिया पूरी कर ली गई है। दिसंबर तक बाकी घरों को कनेक्शन दे दिए जाएंगे। इसी के साथ ही नई टंकी, ट्यूबवेल भी लगवाए जाएंगे। कहते हैं कि इस कार्य के लिए 33 करोड़ रुपये खर्च होंगे।
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लाल निशान लगाकर दी गई थी चेेतावनी
वर्ष 2012 में एक प्राइवेट संस्था ने शहर में लगे देशी नलों के जल की जांच की थी। इसमें इन नलों के पानी को दूषित बताया गया था। नगर पालिका ने शास्त्री चौक से लेकर रोडवेज तिराहा सहित अन्य स्थानों पर लगे इन नलों पर लाल निशान लगा दिया गया था। लोगों को चेतावनी दी गई थी कि यदि आप इन नलों के जल का प्रयोग करते हैं तो आपकी सेहत बिगड़ सकती है। इसके बाद इन नलों के जल का प्रयोग बंद कर दिया गया था। ऐसे में एक मात्र वाटर सप्लाई ही विकल्प रह गया।
शहर की व्यवस्था एक नजर में
आबादी - एक लाख 20 हजार
शहर में कुल 21 हजार घर
पेयजल कनेक्शन 11 हजार

अधिकारी की सुनिए
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