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आयुष्मान में अरुचि, तीन अस्पतालों को नोटिस

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आयुष्मान में अरुचि, तीन अस्पतालों को नोटिस
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जिला व महिला अस्पताल में भी योजना पर सवाल
तथास्तु, संतकबीर आई अस्पताल व श्रीकृष्णा मिशन को मिली शाबासी
अमर उजाला ब्यूरो
बस्ती। गरीबों को आयुष्मान भारत के माध्यम से पांच लाख रुपये तक के स्वास्थ्य सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है। केंद्र सरकार की इस मंशा को फलीभूत करने में अरुचि दिखाने वाले योजना से संबद्ध तीन निजी अस्पतालों को सीएमओ ने नोटिस जारी किया है। इसके अलावा योजना में जिला महिला अस्पताल व जिला चिकित्सालय की सेवा पर भी सवाल खड़े हो गए हैं। इन्हें भी सीएमओ ने कड़ा पत्र लिखा है।
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केंद्र सरकार ने सितंबर 2018 में आयुष्मान भारत शुरू किया। योजना में जिले के सरकारी अस्पतालों के अलावा 17 निजी क्षेत्र के अस्पतालों को भी संबद्ध किया गया। इसके बाद योजना के कुल 30724 पात्रों को गोल्डन कार्ड जारी किए गए। इसके बाद इसी कार्ड के आधार पर गरीबों का इलाज होने लगा है। अब तक 1584 मरीजों का इलाज किया जा चुका है। योजना में सात माह की समीक्षा के बाद यह स्पष्ट हुआ है कि शहरी क्षेत्र में योजना से संबद्ध ज्यान अस्पताल, नूर अस्पताल व खैर मेमोरियल हास्पिटल ने अरुचि दिखाई है। यहां ज्यान में छह माह के भीतर मात्र 17, नूर में 18 जबकि खैर हॉस्पिटल में मात्र आठ मरीजों का योजना में इलाज संभव हुआ है। इसके अलावा जिला अस्पताल व महिला अस्पताल में 37- 37 मरीज योजना से लाभान्वित हुए हैं। इन स्थितियों को देखते हुए सीएमओ ने उक्त अस्पतालों को सख्त नोटिस जारी किया है। इसी क्रम में उक्त योजना में शामिल ओपेक चिकित्सालय कैली ने बेहतर कार्य किया है। निजी अस्पतालों में तथास्तु चिकित्सालय, श्रीकृष्णा मिशन अस्पताल व संतकबीर आई हॉस्पिटल ने बेहतर योगदान दिया है। इन्हें सम्मानित किए जाने की संस्तुति सीएमओ ने की है। सीएमओ डॉ. जेएलएम कुशवाहा ने बताया कि आयुष्मान भारत को गति देने में अरुचि दिखाने वाले अस्पतालों को पहले चरण में नोटिस दिया गया है। इसके बाद इन पर सख्ती दिखाई जाएगी। जिन अस्पतालों ने बेहतर कार्य किया है उन्हें पुरस्कृत किया जाएगा।
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