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नए मालिक पहुंचे वाल्टरगंज चीनी मिल

Fri, 07 Dec 2018 10:09 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला बस्ती
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गोविंद नगर शुगर मिल के कर्मचारियो से वार्ता करते मिल मालिक। - फोटो : अमर उजाला
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बस्ती/वाल्टरगंज। मिल कर्मचारियों और श्रमिकों के साथ ही क्षेत्रीय किसानों, व्यापारियों के लिए शुक्रवार का दिन खुशियों भरा रहा। वाल्टरगंज शुगर मिल के नए मालिक धरना दे रहे कर्मचारियों के बीच पहुंचे। कहा कि आप लोगों के परिश्रम से ही ये मिल दोबारा चलेगी। कर्मचारियों में खुशी छा गई। मिठाई बांटकर खुशी का इजहार किया।
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वाल्टरगंज स्थित गोविंद नगर शुगर मिल चलाने के लिए मिल मजदूर और गन्ना किसान 65 दिनों से गेट पर धरना दे रहे हैं। मिल चलाए जाने के लिए सांसद, विधायक, प्रदेश के गन्ना मंत्री और मुख्यमंत्री सहित जिले के सभी अधिकारियों से फरियाद भी की। जिसके बाद जिलाधिकारी डॉ. राजशेखर के साथ मिल प्रबंधन की वार्ता हुई थी। कहा गया था वाल्टरगंज चीनी मिल बिक रही है। नए मालिक मिल चलाएंगे। बृहस्पतिवार को नई कंपनी के मालिक राकेश वर्मा अपनी टीम के साथ बस्ती चीनी मिल पर पहुंचे थे। जिलाधिकारी से वार्ता की। मिल खरीदने की बात कही थी। शुक्रवार को दोपहर करीब एक बजे मिल श्रमिकों के बीच पहुंचे और अपना पक्ष रखा। कहा कि 21 तारीख तक सभी प्रकार के कानूनी प्रक्रिया पूरी कर ली जाएगी। मिल मरम्मत का कार्य सोमवार के बाद शुरू कर दिया जाएगा। किसानों मजदूरों का बकाया भुगतान जल्द ही करने का प्रयास किया जाएगा। मजदूर मेहनत से मिल चलाने की तैयारी करें। मरम्मत के लिए जो भी सामान होगा वह मुहैया कराया जाएगा।

मिल श्रमिकों ने जताई खुशी
नए मालिक राकेश शुक्रवार दोपहर धरना दे रहे कर्मचारियों के बीच पहुंचे तो किसी को विश्वास नहीं हुआ। नए मालिक ने सोमवार से मिल मरम्मत की बात कही। लोगों से मिल चलाने के लिए तैयारी और मेहनत करने की बात कही। श्रमिक नेता कमलेश पटेल ने कहा कि आंदोलन रंग लाया। नए मालिक हमारे बीच में खुद आए और मिल चलाने की घोषणा की है। मजदूर नेता विकास ठाकुर का कहना है मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मिलकर हम लोगों ने अपनी मांग रखी थी।जिलाधिकारी के समक्ष नए मालिक ने मिल चलाने की बात कही है। अब वाल्टरगंज चीनी मिल चलने का रास्ता साफ हो गया है। श्रमिकों का कहना है कि जब तक वाल्टरगंज चीनी मिल में मरम्मत का कार्य शुरू नहीं हो जाता, मिल प्रबंधन पर विश्वास नहीं किया जा सकता।
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