बस्ती। अयोध्या में क्या हुआ। धर्मसभा में राम मंदिर बनाने के लिए प्रस्ताव लाया गया या नहीं। कितनी भीड़ पहुंच चुकी है। हलचल जानने के लिए लोग दिनभर टीवी से चिपके रहे।
रविवार को फोरलेन पर भारी वाहनों की जगह अयोध्या जाने वालों की भीड़ थी। ‘हर हिंदू की है हुंकार, पहले मंदिर फिर सरकार, राम लला के वास्ते खाली कर दो रास्ते’ जैसे नारे लगाते युवाओं की टोलियां बाइक से फर्राटा भरती रही। भाजपा विधायकों के भी समर्थक 10 से 20 चार पहिया वाहनों से ‘राम लाल हम आए हैं, टेंट को हटाएंगे, मंदिर वहीं बनाएंगे’ के नारे लगाते रहे।
विश्व हिंदू परिषद की ओर से आयोजित श्रीराम मंदिर निर्माण धर्म सभा में बस्ती नगर पालिका अध्यक्ष के पति वरिष्ठ भाजपा नेता पुष्कर मिश्रा सैकड़ों पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं के साथ रविवार सुबह रवाना हुए। कहा कि श्रीराम हमारे आस्था के केंद्र हैं उनका भव्य मंदिर बनना चाहिए और इसमें आपसी भाईचारा कायम करते हुए मुस्लिम समुदाय से अपील की। राजेंद्र गौड़, गोपेश्वर त्रिपाठी, सतीश सोनकर, पप्पू भैया, संतोष शुक्ला, महेंद्र शंकर, अरुण भारती, श्याम बिहारी गौड, संजय उपाध्याय अजय तिवारी आदि शामिल रहे।
टीवी पर अयोध्या की हलचल देख रहे रुधौली के लक्ष्मी कांत उपाध्याय, रमेश सोनी, विनोद द्विवेदी, रत्नेश राय आदि सरकार पर उलाहना दे रहे थे। कहा कि जब सरकार एससीएसटी एक्ट को नए रूप में कानून बनाकर पारित कर सकती है, तो अयोध्या में मंदिर के के लिए अध्यादेश क्यों नहीं ला सकती। केंद्र और प्रदेश दोनों में राम मंदिर का मुख्य मुद्दा बनाने वाली भाजपा की सरकार है। ऐसे में जनता को सर्वाधिक अपेक्षा है कि इस सरकार में मंदिर का निर्माण हो जाएगा।
अयोध्या जाने वालों का होता रहा स्वागत
महराजगंज। फोरलेन पर अयोध्या जाने को लेकर देर रात से ही राम भक्तों की भीड़ जुटी रही। रविवार सुबह से क्षेत्रीय लोगों के साथ साथ पड़ोसी जिले के लोग भी बाइक से अयोध्या कूच किए। कप्तानगंज, महराजगंज, संसारीपुर, हर्रैया तथा जिले की सीमा घघौवा के पास जहां सुरक्षा के लिए पुलिस अलर्ट रही, वहीं अयोध्या यात्रियों के लिए लंच पैकेट भी वितरित किए गए। बहुत सारे कारसेवक बसों की छतों पर भी देखे गए। सीओ हर्रैया राहुल पांडेय ने बताया कि काफी संख्या में भीड़ हाईवे से गुजरी लेकिन सब कुछ सामान्य रहा। कहीं भी विवाद की स्थिति नहीं बनी।