‘नव निर्माण में शिक्षकों का योगदान महत्वपूर्ण’
बीआरसी पर हुई शिक्षोन्नयन संगोष्ठी में सांसद हरीश द्विवेदी
शिक्षक संघ ने सेवानिवृत्त शिक्षकों को सम्मानित किया
अमर उजाला ब्यूरो
हर्रैया। शिक्षक देश के नवनिर्माण में अहम भूमिका निभाते हैं। क्योंकि राष्ट्र के नागरिकों के चरित्र निर्माण की जिम्मेदारी इन्हीं के कंधों पर होती है। यह कहना है सांसद हरीश द्विवेदी का। वह बृहस्पतिवार को बीआरसी में आयोजित शिक्षोन्नयन संगोष्ठी व सेवानिवृत्त शिक्षक सम्मान समारोह को संबोधित कर रहे थे।
सांसद ने कहा कि बच्चों के अंदर छिपी प्रतिभा को पहचान कर उसे बाहर लाकर विस्तार देने का कार्य शिक्षक ही करता है। हमारी संस्कृति के विकास में गुरु-शिष्य परंपरा का अहम रोल रहा है। शिक्षा क्षेत्र में हो रहे बदलाव के साथ शिक्षकों को भी छात्रों को शुरू से ही प्रतिस्पर्धी शिक्षा के लिए मानसिक रूप से तैयार करना होगा। तभी देश व समाज समृद्ध होगा। विधायक अजय सिंह ने कहा कि शिक्षक ही वह वर्ग है जिसे सभी का सम्मान मिलता है। सेवानिवृत्त शिक्षकों के कार्यों की सराहना की। इस अवसर पर शिक्षक संघ की ओर से सेवानिवृत्त हुए 51 शिक्षकों को धार्मिक पुस्तकें, छड़ी व माला पहनाकर विदाई दी गई। कार्यक्रम की अध्यक्षता बृज किशोर शुक्ला व संचालन शिक्षक धनीश त्रिपाठी ने किया। कार्यक्रम में एबीएसए कपिल देव द्विवेदी, शिक्षक संघ के अध्यक्ष राज कुमार त्रिपाठी, चंद्रिका सिंह, गिरजेश बहादुर सिंह, बाबू लाल ओझा, विद्या सागर वर्मा, सुभाष वर्मा, राम नयन वर्मा, नरेंद्र शर्मा, राम सागर वर्मा, उदय प्रताप सिंह, भारती शुक्ला, मीरा चौधरी, ममता पांडेय, नीलम सिंह, सुधा श्रीवास्तव, लाल बहादुर सिंह, संजीव सिंह, भूपेश सिंह, संतोष शुक्ला, उदय भान द्विवेदी, अवधेश श्रीवास्तव, अंबिका प्रसाद वर्मा, सुशील पांडेय, राम लखन वर्मा, अखिलेश मिश्रा, नरेंद्र शर्मा सहित अन्य मौजूद रहे।