फंदा लगाकर मरा, परिवार ने बिना कार्रवाई शव फूंका
बरेली। संजयनगर निवासी एक युवक ने घर में ही फंदा लगाकर जान दे दी। परिवार ने बिना सूचना दिए शव का अंतिम संस्कार कर दिया। भाई ने बताया कि भाई बेकारी और तंगी से जूझ रहा था। पुलिस घटना की जानकारी से ही इंकार कर रही है।
संजयनगर होली चौराहे के पास रहने वाले बाबूराम के तीन बेटे दिलीप, रिंकू व सोनू थे। बाबूराम ने बताया कि दिलीप एक तेल मिल में पीपा धोने का काम करता था। लॉकडाउन में मिल बंद होने से काम छूट गया। इससे वह परेशान रहने लगा। काम की तलाश में कई बार भटका लेकिन काम नहीं मिला। मकान का किराया भी बढ़ता रहा। बाबूराम का कहना है कि वह मकान का किराया तीन हजार रुपये प्रतिमाह है। तीनों बेटे दो माह से खाली बैठे थे। दिलीप बीमार भी रहता था। परिवार के हालात देखकर दिलीप की हिम्मत जवाब दे गई। रविवार सुबह 10 बजे वह घर के कमरे में चला गया। कुछ देर बाद जब बाबूराम कमरे में पहुंचे तो देखा दिलीप का शव फंदे पर लटका था। घर में शोर मच गया। पुलिस को बिना सूचित किए शव का अंतिम संस्कार कर दिया गया।