एक पौव्वे के लिए दोस्त बना अपराधी
पुलिस के मुताबिक मानवेंद्र ने अपने दोस्त सौरभ को शराब के पौव्वे का लालच देकर बुलाया। इसके बाद साजिश के तहत फोन कॉल कर रामवीर को बुलाया। तीनों ने टिसुआ में शराब पी। इसके बाद गल्थुआ फाटक के पास रामवीर फिर शराब पिलाई, जिससे वह बेहोश हो गया। इसके बाद दोनों ने बेहोश रामवीर को रेल पटरी पर डाल दिया, जिससे ट्रेन से कटकर उसकी मौत हो गई।
रामवीर की मौत होने तक दोनों वहीं मौजूद रहे। उधर, रामवीर की पत्नी प्रेमी को लगातार फोन कॉल कर यह पूछती रही कि उसे मारा या नहीं। रामवीर की मौत के बाद मानवेंद्र ने आरती से कहा कि काम हो गया है। इसके बाद दोनों वहां से चले गए। आरती ने अपना मोबाइल फोन स्विच ऑफ कर लिया। पुलिस ने रविवार को हत्याकांड में खुलासा कर तीनों आरोपी आरती वर्मा, उसके प्रेमी मानवेंद्र और सौरभ को जेल भेज दिया है।