बरेली। रविवार को दिन छिपने के बाद दोनों हाथी उत्तर पूर्व की तरफ कुछ दूर चलने के बाद ओझल हो गए। वनकर्मियों ने टार्च की रोशनी में उन्हें तलाश किया लेकिन फिर भी वे नहीं दिखे न उनकी कोई आहट सुनाई दी। इससे वनकर्मी यह सोचकर दहशत में आ गए कि कहीं हाथी किसी गांव की ओर न निकल जाएं। हांका का नेतृत्व कर रहे मुख्य वन संरक्षक पीपी सिंह ने तुरंत टीम के पास मौजूद ड्रोन कैमरे से उसकी खोज शुरू कराई। हाथी उसे देख कहीं बिदक न जाए इसलिए ड्रोन को 100 फुट ऊंचाई पर उड़ाया गया। ड्रोन की मदद से पता चला कि हाथी रविवार को जिस खेत में पूरे दिन मौजूद रहे, उससे करीब आधा किमी दूर गांव सुकली के गन्ने के एक खेत में बैठे हैं।