बरेली। पुलिस ने ऑनलाइन गेम के बहाने ठगी करने के दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों पर विभिन्न राज्यों में 2.96 लाख रुपये से अधिक की धोखाधड़ी करने का आरोप है।
एसपी सिटी मानुष पारीक ने बताया कि सूचना मिल रही थी कि बरेली निवासी शातिर युवकों ने हरियाणा और राजस्थान में साइबर धोखाधड़ी कर धनराशि अपने बैंक खातों में स्थानांतरित कर ली, फिर उसे डेबिट कार्ड व अन्य माध्यमों से निकाल लिया। इस सिलसिले में सुभाषनगर थाना पुलिस ने मढ़ीनाथ निवासी देवेंद्र सिंह को गिरफ्तार कर लिया।
देवेंद्र सिंह के बैंक खाते में साइबर धोखाधड़ी से संबंधित 16,680 रुपये का संदिग्ध वित्तीय लेनदेन पाया गया। पूछताछ में आरोपी ने बताया कि उसने बैंक खाता खुलवाकर अपने साथियों के साथ मिलकर ऑनलाइन गेम खिलाने के नाम पर लोगों से धोखाधड़ी की। इस धनराशि को अपने खाते में ट्रांसफर कर बाद में निकाल लिया। उसके पास से एक मोबाइल फोन भी बरामद किया गया है। देवेंद्र के खिलाफ सुभाषनगर थाने में रिपोर्ट दर्ज की गई है।
हाफिजगंज पुलिस ने शिवम को दबोचा
एसपी मुकेश चंद्र मिश्रा ने बताया कि हाफिजगंज थाना पुलिस ने शिवम गंगवार को गिरफ्तार किया। शिवम गंगवार के खातों में साइबर ठगी से संबंधित 2.80 लाख रुपये का संदिग्ध वित्तीय लेनदेन पाया गया। आरोपी ने बताया कि उसने बैंक खाता खुलवाकर अपने साथियों के साथ मिलकर राजस्थान में साइबर धोखाधड़ी की। धोखाधड़ी की धनराशि को अपने खाते में ट्रांसफर कर आपस में बांट लिया। उसके पास से मोबाइल फोन भी बरामद किया गया है। शिवम गंगवार के खिलाफ हाफिजगंज थाने में एफआईआर दर्ज की गई है। उसे न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया।
धोपेश्वरनाथ मंदिर के पुजारी के बेटे के खाते से हुआ करोड़ों का लेनदेन
कैंट स्थित धोपेश्वरनाथ मंदिर के पुजारी देवकी नंदन का बेटा विवेक जोशी बृहस्पतिवार को पुलिस के हाथ लगा था। विवेक जोशी को उसके दो साथियों के संग शुक्रवार को जेल भेजा गया। पुलिस की जांच में पता लगा कि संभ्रांत पुजारी परिवार से जुड़ा विवेक कई राज्यों के साइबर ठगों से जुड़ा था और उसके खाते से करोड़ों रुपये का लेनदेन हुआ है। वह अपना कमीशन काटकर साइबर ठगी की रकम को निकालकर नई जगह पहुंचा देता था। बताया जा रहा है कि विवेक स्थानीय मीट फैक्टरी में भी काफी समय से काम करता था। पुलिस अब उससे जुड़े अन्य लोगों की कुंडली खंगाल रही है।
वर्जन
मुख्यालय के निर्देश पर साई वज्र अभियान चलाकर साइबर अपराधियों की धरपकड़ की जा रही है। इसके तहत आरोपियों की संपत्ति जब्त करने की कार्रवाई भी की जाएगी। - अनुराग आर्य, एसएसपी