बरेली। औद्योगिक इकाइयों के वाहनों की पार्किंग के लिए झुमका तिराहा के पास जुलाई में ट्रक-ले-बाई का निर्माण कार्य शुरू होने की उम्मीद है। साथ ही, पुराने होटलों को नई पर्यटन नीति से जुड़ने पर भी शासन की मुहर लग गई है। मंडलीय उद्योग बंधु में शुक्रवार को यह जानकारी साझा हुई।
मंडलायुक्त सौम्या अग्रवाल की अध्यक्षता में आयोजित बैठक में पीडी एनएचएआई संदीप यादव ने बताया कि ट्रक ले बाई निर्माण के प्रस्ताव पर भारतीय राज्य राजमार्ग प्राधिकरण नई दिल्ली ने कुछ आपत्तियां लगाई थीं, जिनका निस्तारण हो चुका है। करीब 15 दिन में प्रस्ताव का अनुमोदन होने के बाद निर्माण कार्य शुरू हो जाएगा। होटल उद्यमियों ने नगर निगम के टैक्स का मुद्दा उठाया। इस पर पर्यटन अधिकारी ने बताया कि प्रदेश की नई पॉलिसी के तहत होटलों को क्रमशः ब्रांज, सिल्वर, गोल्ड, प्लेटिनम, डायमंड श्रेणी में पर्यटन विभाग में पंजीकरण कराने पर टैक्स से राहत मिलेगी। इसका लाभ पुराने होटल भी ले सकते हैं।
औद्योगिक क्षेत्र के विकास के लिए 15 दिन में मांगे प्रस्ताव
मंडलायुक्त ने अटल इंडस्ट्रियल इंफ्रास्ट्रक्चर मिशन योजना में सभी उपायुक्त उद्योग को इंडस्ट्रियल क्लस्टर्स अवस्थापना सुविधाओं के लिए 15 दिन में उद्यमियों से प्रस्ताव हासिल कर शासन को भेजने के निर्देश दिए। परसाखेड़ा बंडिया रोड नंबर-5 पर नाला निर्माण की लेटलतीफी पर नाराजगी जताते हुए तेजी से काम कराने के लिए कहा। साथ ही, बैठक में अनुपस्थित रहे आरएम यूपीसीडा को नोटिस जारी करने के निर्देश दिए।
उद्यम में अड़चन बने खाद्य प्रसंस्करण के लंबित आवेदन
खाद्य प्रसंस्करण नीति-2022 में कैपिटल सब्सिडी के लंबित 28 आवेदनों पर शासन को पत्र भेजकर निराकरण के निर्देश संयुक्त उद्योग आयुक्त को दिए। बीडीए अधिशासी अभियंता ने प्रस्तावित नाथ धाम एमएसएमई टाउनशिप योजना और मिनी ट्रांसपोर्ट नगर में चल रहे डिमांड सर्वे की जानकारी दी। बताया कि भूखंडों के लिए 126 फार्म जमा हुए हैं। उद्यमियों के साथ इस पर जल्द मंथन किया जाएगा।
भोजीपुरा औद्योगिक क्षेत्र के फीडर की एमआरआई के निर्देश
भोजीपुरा औद्योगिक क्षेत्र के अध्यक्ष अजय शुक्ला ने बैठक में औद्योगिक क्षेत्र के लिए लगाए गए स्वतंत्र फीडर की एमआरआई कराने की मांग की। बताया कि पूर्व में तत्कालीन संयुक्त आयुक्त उद्योग ने मुख्य अभियंता विद्युत वितरण को पत्र भेजकर फैक्ट फाइंडिंग के निर्देश दिए थे। पर अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई। प्रकरण में फिर बिजली विभाग को पत्र भेजकर एमआरआई के निर्देश दिए गए।
ये रहे मौजूद
संयुक्त आयुक्त उद्योग सर्वेश्वर शुक्ला, मुख्य अभियंता विद्युत रणविजय सिंह, उप निदेशक पर्यटन बृजपाल सिंह, क्षेत्रीय अधिकारी प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड रोहित सिंह, उद्यमी पवन अरोड़ा, अजय शुक्ला, राजेश गुप्ता, एसके सिंह, तनुज भसीन, विमल रेवाड़ी, उन्मुक्त संभव शील, मोहम्मद आरिफ व अन्य मौजूद रहे।