कंटीले तारों से सुरक्षित होगा पूरा कॉरिडोर
गंगा एक्सप्रेसवे को पूरी तरह सुरक्षित बनाने के लिए इसके दोनों ओर कंटीले तार (फेंसिंग) लगाए जा रहे हैं। इसका मुख्य उद्देश्य बाहरी वाहनों, पैदल यात्रियों और मवेशियों के अनधिकृत प्रवेश को रोकना है। अक्सर देखा जाता है कि हाईवे पर मवेशियों या स्थानीय लोगों के अचानक आ जाने से दुर्घटनाएं हो जाती हैं। लेकिन इस हाईटेक फेंसिंग के जरिए इस खतरे को काफी हद तक खत्म किया जा सकेगा। इससे न केवल दुर्घटनाओं में कमी आएगी, बल्कि वाहन चालक भी अधिक सुरक्षित महसूस करेंगे।
छह नई पुलिस चौकियों से सुरक्षा रहेगी सख्त
गंगा एक्सप्रेसवे बदायूं जिले से करीब 95 किलोमीटर के दायरे में निकला है। इसकी सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने के लिए बदायूं जनपद में छह नई पुलिस चौकियां स्थापित की जाएंगी। इन चौकियों पर तैनात पुलिस बल 24 घंटे एक्सप्रेसवे की निगरानी करेगा। इन पुलिस चौकियों को आधुनिक संसाधनों और संचार तकनीक से लैस किया जाएगा, जिससे किसी भी आपात स्थिति जैसे दुर्घटना, अपराध या तकनीकी समस्या में तुरंत मौके पर पहुंचकर सहायता प्रदान की जा सके। यहां एंबुलेंस भी तैनात रहेंगी। इसके अलावा नियमित गश्त और निगरानी से अपराधों पर भी प्रभावी नियंत्रण रखा जा सकेगा।
जाम मुक्त और समय की बचत करने वाला होगा सफर
इस नई व्यवस्था का सबसे बड़ा फायदा यात्रियों को मिलेगा। टोल प्लाजा पर रुकने की आवश्यकता समाप्त होने से समय की बचत होगी और जाम की समस्या से निजात मिलेगी। यहां पर वाहन 120 किलोमीटर की रफ्तार से फर्राटा भर सकेंगे। खासकर लंबी दूरी तय करने वाले वाहनों के लिए यह व्यवस्था बेहद लाभकारी साबित होगी।
29 अप्रैल के कार्यक्रम की चल रहीं तैयारियां
गंगा एक्सप्रेस-वे का उद्घाटन 29 अप्रैल को पीएम मोदी हरदोई जिले से कर सकते हैं। बदायूं में भी कार्यक्रम होगा। पीएम के कार्यक्रम का सजीव प्रसारण होने के साथ ही एक जनसभा होगी। इसमें जनप्रतिनिधि, अफसर व आम लोग शामिल होंगे। कार्यक्रम स्थल बिनावर के पास घटपुरी इंटरचेंज के समीप लगभग तय किया जा चुका है। इसको लेकर डीएम अवनीश राव व एसएसपी अंकिता शर्मा ने मौके पर जाकर निरीक्षण भी किया है।