बाघ और तेंदुए की सक्रियता को लेकर टाइगर रिजर्व की सुर्खियां कम होने का नाम नहीं ले रही हैं। सोमवार को माधोटांडा-पीलीभीत जंगल मार्ग से गुजरे रहे साइकिल सवार मजदूर पर झाड़ियों में छिपे बाघ ने हमला कर दिया। हमले में पंजा लगने से मजदूर का बायां पैर घायल हो गया। कुछ देर बाद मार्ग से गुजरे रहे अन्य राहगीर मौके पर पहुंच गए। उनके शोर-शराबा करने पर बाघ जंगल की ओर निकल गया। सूचना पर पहुंचे वनकर्मियों ने घायल मजदूर को जिला अस्पताल में भर्ती कराया, जहां उसकी हालत में सुधार है।
टाइगर रिजर्व में जंगल से सटे बाहरी क्षेत्र में बाघों की सक्रियता बढ़ रही है। न्यूरिया थाना क्षेत्र के ग्राम खाईखेड़ा निवासी 45 वर्षीय मजदूर दीनदयाल शनिवार को माधोटांडा थाना क्षेत्र के ग्राम मैनाकोट निवासी चाचा गोकिल प्रसाद के घर मेहमानी में गया था। सोमवार सुबह करीब नौ बजे दीनदयाल साइकिल पर सवार होकर माधोटांडा-पीलीभीत मार्ग से वापस आ रहा था।
माला रेंज के जंगल क्षेत्र में झमेंडा कुएं के पास पहुंचते ही मार्ग के किनारे झाड़ियों में पहले से छिपे बैठे बाघ ने उस पर हमला कर दिया। हमले के चलते मजदूर घायल होकर मार्ग पर गिर गया। बाघ का पंजा लगने से मजदूर के बाएं पैर में जख्म हो गया। गनीमत ये रही कि इसी बीच पीछे और सामने से मार्ग पर अन्य वाहन सवार राहगीर वहां पहुंच गए।
बाघ के मजदूर पर हमले को देख उन लोगों ने हिम्मत जुटा शोर-शराबा किया। जिसके बाद बाघ मजदूर को छोड़ जंगल की ओर निकल गया। राहगीरों की सूचना पर टीम के साथ पहुंचे माला रेंजर दिलीप कुमार श्रीवास्तव ने घायल को जिला अस्पताल भर्ती कराया।
घटना की सूचना मिलते ही घायल के परिवारीजन आननफानन में जिला अस्पताल पहुंच गए। फिलहाल घायल की हालत में सुधार है। माला रेंजर दिलीप कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि सूचना पर मौके पर पहुंचकर घायल को जिला अस्पताल पहुंचाया गया है। पैर में किसी वन्यजीव का पंजा लगा है। मौके पर पहुंचकर जांच के बाद ही कुछ कह पाना संभव होगा।