फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Bareilly News: हत्या में दोषी तीन लोगों को उम्रकैद, 55-55 हजार रुपये का जुर्माना

Wed, 12 Aug 2026 11:04 PM IST
बरेली ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली
विज्ञापन
विज्ञापन
बरेली। स्पेशल जज एससी-एसटी एक्ट ने हत्या में दोषी बहेड़ी थाना क्षेत्र के गांव राजू नगला निवासी रामगोपाल, जयपाल और जाम खजूर निवासी नन्हे को उम्रकैद और 55-55 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। अदालत ने तीनों को एससी-एसटी के आरोपों से दोषमुक्त कर दिया, लेकिन हत्या और साक्ष्य मिटाने के आरोपों में दोषी करार दिया है।
विज्ञापन

बहेड़ी थाना क्षेत्र के गांव राजू नगला निवासी मोहन लाल हैंडपंप, नलकूप आदि के बोरिंग करने का काम करते थे। रामगोपाल, जयपाल और नन्हे उनको 25 अक्तूबर 1998 को घर से बुलाकर ले गए थे। इसके बाद तीनों ने मोहन लाल की हत्या कर दी और साक्ष्य मिटाने के लिए शव छिपा दिया। मृतक के भाई ने तीनों के खिलाफ हत्या की नामजद रिपोर्ट दर्ज कराई। विवेचना के बाद पुलिस ने चार्जशीट दाखिल कर दी। सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष ने नौ गवाह पेश किए।
सुनवाई के बाद अदालत ने तीनों आरोपियों को हत्या और साक्ष्य मिटाने की धाराओं में दोषी करार देते हुए कैद व जुर्माने की सजा सुनाई, जबकि एससी-एसटी एक्ट के आरोप से दोषमुक्त कर दिया।
विज्ञापन

-
बर्खास्त असिस्टेंट प्रोफेसर को हाईकोर्ट से राहत
बहेड़ी। जंतर-मंतर पर विद्यार्थियों के समर्थन में आंदोलन में शामिल होने पर निष्कासित किए गए गन्ना उत्पादक स्नातकोत्तर महाविद्यालय बहेड़ी के असिस्टेंट प्रोफेसर मोहित भारद्वाज को इलाहाबाद उच्च न्यायालय से बड़ी राहत मिली है। कोर्ट ने उनके खिलाफ 22 जुलाई को जारी बर्खास्तगी के आदेश को निरस्त कर दिया है।प्रबंधन ने उनका पक्ष सुने और नोटिस दिए बिना ही बर्खस्तगी आदेश जारी कर दिया था।
डॉ. मोहित ने इस आदेश के खिलाफ इलाहाबाद हाईकोर्ट की शरण ली थी। उन्होंने राज्य सरकार, रुहेलखंड विश्वविद्यालय के कुलपति, डीएम बरेली, जिला गन्ना अधिकारी, प्राचार्य और प्रबंधक को पक्षकार बनाया था। हाईकोर्ट ने बर्खास्तगी संबंधी आदेश को निरस्त कर दिया है। हाईकोर्ट से राहत मिलने के बाद डॉ. मोहित ने कहा कि मैंने हमेशा सत्य और न्याय पर विश्वास किया है। एक शिक्षक के नाते विद्यार्थियों की आवाज के साथ खड़ा होना उनकी नैतिक जिम्मेदारी है।
डॉ. मोहित गन्ना उत्पादक महाविद्यालय में वाणिज्य विभाग में असिस्टेंट प्रोफेसर होने के साथ ही समाजवादी युवजन सभा बरेली के जिलाध्यक्ष भी हैं। महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. हरिकेश यादव का कहना है कि हम सब लोकतंत्र और न्यायिक प्रणाली पर विश्वास रखने वाले लोग हैं। कोर्ट का फैसला सर्वमान्य है।
-
बयान से मुकरी किशोरी, पॉक्सो एक्ट का आरोपी दोषमुक्त
बरेली। स्पेशल जज नम्रता अग्रवाल ने अपहरण और पॉक्सो एक्ट के आरोपी बदायूं के बिसौली थाना क्षेत्र के गांव पृथ्वीपुर निवासी आशू उर्फ आशीष को दोषमुक्त करार दिया है। इस मामले में सामूहिक दुष्कर्म का आरोप लगाने वाली किशोरी कोर्ट में बयानों से मुकर गई। उसने कहा कि उसके साथ कोई बुरा काम नहीं हुआ। वह अपनी मर्जी से गई थी। पहले भी वह राजवीर नाम के व्यक्ति के साथ अपनी मर्जी से जा चुकी है। राजवीर के कहने पर मां ने आशीष के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करा दी थी।
सिरौली थाना क्षेत्र के एक गांव की महिला ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि 30 अगस्त 2015 को शाम सात बजे आशू उर्फ आशीष ने अलीगंज थाना क्षेत्र के गांव राजपुर कलां निवासी अपने बहनोई कृ़ष्णपाल, गांव नकटपुर निवासी राजवीर, भूरे (सगे भाई) के साथ उसकी 16 साल की बेटी का अपहरण कर लिया और चार पहिया वाहन में डालकर उसे ले गए। जांच के बाद पुलिस ने आशीष और उसके साथी रजनेश के खिलाफ चार्जशीट दाखिल कर दी। सुनवाई के दौरान रजनेश की माौत हो गई। आशीष के खिलाफ मुकदमा चलाया गया।
पुलिस को दिए बयान में किशोरी ने अपने साथ सामूहिक दुष्कर्म की बात कही, लेकिन अदालत में दिए बयानों में उसने कहा कि मेरे पिता बहुत शराब पीते हैं और हम बहनों से कहते हैं कि अपना-अपना घर खुद ढूंढ लो। उसने कहा कि वह अपनी मर्जी से आशीष के साथ गई थी। पहले भी एक बार वह आशीष के साथ जा चुकी है। आशीष ने उसके साथ कोई बुरा काम नहीं किया। दूसरी बार मैं आशीष के साथ दिल्ली रही। मेरे पिता ने गलत टीसी कोर्ट में पेश की है। मैं कभी स्कूल नहीं गई। दोनों पक्षों को सुनने के बाद अदालत ने आरोपी को दोषमुक्त कर दिया।
-
अपहरण और पुलिस टीम पर हमले के दो आरोपियों को जमानत नहीं
बरेली। अपर सत्र न्यायाधीश (कोर्ट संख्या-सात) कुलदीप कुमार ने अपहरण और पुलिस टीम पर हमला करने के दो आरोपियों नवाबगंज थाना क्षेत्र के गांव रिछौला किफायतउल्ला निवासी विमल और क्योलड़िया थाना क्षेत्र के गांव गुलड़िया निवासी आकाश गंगवार की जमानत याचिकाएं निरस्त कर दी हैं। दोनों पर अपहरण, वाहन चोरी के अलावा पुलिस टीम पर हमला करने का आरोप है। आरोपियों को इज्जतनगर थाना पुलिस ने पीलीभीत रोड स्थित कलापुर पुलिया के पास से 12 मई को मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार किया था। मुठभेड़ के दौरान विमल के पैर में गोली लगी थी और नीशू तिवारी नाम की कांस्टेबल भी गोली लगने से घायल हो गई थी। इस मामले में उप निरीक्षक मोहित कुमार ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी।
-
गोकशी के दो आरोपियों की जमानत याचिकाएं निरस्त
बरेली। अपर सत्र न्यायाधीश (कोर्ट संख्या-13) उमाशंकर कहार ने गोकशी के आरोपी भोजीपुरा थाना क्षेत्र के धौराटांडा वार्ड नंबर नौ निवासी दानिश और फईम की जमानत याचिकाएं निरस्त कर दी हैं। फतेहगंज पश्चिमी थाना पुलिस ने आरोपियों को 20 जुलाई को मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार किया था। 21 जुलाई से दोनों जेल में हैं।
विज्ञापन

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें