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Bareilly News: आसान नहीं होगी इस बार राम बरात की राह, कुतुबखाने पर उधड़ा पड़ा है रास्ता

Fri, 22 Mar 2024 03:49 AM IST
बरेली ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली
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बरेली। होली से एक दिन पहले निकलने वाली ऐतिहासिक राम बरात के रास्ते को लेकर इस बार महादेव पुल का पेंच फंस सकता है। बमनपुरी रामलीला सभा के पदाधिकारियों का कहना है कि राम बरात पूर्व की भांति अपने पारंपरिक रास्ते कुतुबखाने से ही निकलेगी। वहीं पुल के नीचे कुतुबखाना की तरफ की एप्रोच रोड ही अभी नहीं बन सकी है। सीवर लाइन खुली पड़ी है। ऐसे में राम बरात यहां से किस तरह से निकलेगी? यह सवाल उठ रहा है। हालांकि, सेतु निगम के अधिकारियों का कहना है कि होली से पहले काम पूरा कर लिया जाएगा।
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शहर की ये प्राचीन राम बरात बमनपुरी से होकर बिहारीपुर ढाल होते हुए कुतुबखाना तक जाती है। यहां पर कोहाड़ापीर की तरफ से आ रही श्री नृसिंह शोभायात्रा व उसमें शामिल हुरियारे इसमें शामिल होते हैं। कुतुबखाना से राम बरात भव्य रूप ले लेती है। सैकड़ों हुरियारे इसमें शामिल होते हैं। बड़े से ट्रैक्टर-ट्रॉली पर रंगों के ड्रम रखे जाते हैं। इसके पीछे एक रथ में शोभायात्रा निकलती है।
रामलीला समिति के पदाधिकारी इसी राम बरात को कुतुबखाना से निकालने की बात कह रहे हैं, लेकिन वहां के हालात कुछ और हैं। कुतुबखाना चौराहा अभी बंद है। घंटाघर तिराहे पर एप्रोच रोड अभी नहीं बन सकी है। यहां पाइपलाइन पड़ी होने की वजह से निकलना संभव नहीं है। ऐसे में शोभायात्रा का रथ व ट्रैक्टर-ट्रॉली, यहां से कैसे मुड़ेंगे? ये बड़ा सवाल है। आर्यसमाज वाली गली के सामने सीवर लाइन के पाइप खुले पड़े हैं। यहां से आगे लोग नहीं जा पा रहे। इसके अलावा ऊंचाई का भी पेंच फंस रहा है। अगर राम बरात कुतुबखाना से निकलती भी है तो कुमार टॉकीज से आगे कोतवाली तक दिक्कत हो सकती है। वजह यह कि कुमार टॉकीज से कोतवाली तक पुल की ऊंचाई कम होती गई है, ऐसे में वहां से ट्रैक्टर-ट्रॉली निकलने में समस्या आ सकती है।
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ये है राम बरात का रूट:
राम बरात की शुरुआम बमनपुरी से होती है। ये बरात मलूकपुर चौराहा, बिहारीपुर ढाल होते हुए कुतुबखाना, घंटाघर, नावल्टी चौराहा, बरेली कॉलेज गेट, कालीबाड़ी, श्यामगंज चौराहा, साहू गोपीनाथ, मठ की चौकी, शिवाजी मार्ग, कुतुबखाना चौराहा, बड़ा बाजार, किला चौराहा, सिटी सब्जी मंडी, मलूकपुर चौराहा होते हुए नृसिंह मंदिर पहुंचती है और वहां इसे विश्राम दिया जाता है।

श्री नृसिंह भगवान शोभायात्रा का रूट

ये शोभायात्रा चाहबाई से गुद्दड़बाग, बानखाना चौराहा, घोसियों की मस्जिद, गौर शंकर मंदिर, गुलाब नगर चौराहा, काली जी का मंदिर, चाहबाई होती हुई कोहाड़ापीर पहुंचती है। यहां से कुतुबखाना पहुंचकर राम बरात में शामिल हो जाती है। साथ ही कोतवाली, नावल्टी चौराहा, बरेली कॉलेज गेट, कालीबाड़ी, श्यामगंज, साहू गोपीनाथ, मठ की चौकी, घी मंडी, शिवाजी मार्ग, कुतुबखाना तक आकर राम बरात से अलग हो जाती है और कोहाड़ापीर (नैनीताल रोड) होती हुई बजरिया पूरनमल में सम्पन्न होती है।




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कमेटी के लोगों को अफसरों के वादों पर ऐतवार
सड़क खराब होने की बात शोभायात्रा कमेटी के पदाधिकारियों को भी पता है और सेतु निगम के अफसरों को भी। दोनों में बातचीत भी हो चुकी है। पदाधिकारियों को अफसरों के वादे पर पूरा भरोसा है कि होली से पहले काम पूरा हो जाएगा। श्री रामलीला कमेटी व राम बरात कमेटी के प्रवक्ता विशाल मेहरोत्रा का कहना है कि राम बरात अपने निर्धारित मार्ग से ही निकलेगी। कुतुबखाना का जो थोड़ा सा टुकड़ा है वह रामबरात निकलने तक ठीक हो जाएगा। इस मामले में प्रशासन से बात हो चुकी है। वहीं, श्रीनृसिंह भगवान शोभायात्रा समिति के सचिव नीरू भारद्वाज का कहना है कि पिछले वर्ष 2023 में महादेव पुल का निर्माण चल रहा था। इस कारण यात्रा का मार्ग बदलकर जिला पंचायत मार्ग होते हुए नावल्टी चौराहा कर दिया गया था। इस बार अपने पारंपरिक रूट से ही शोभायात्रा निकलेगी।



कोट
कुतुबखाने व कोहाड़ापीर के रास्ते को जोड़ दिया गया है। अब रैंप तैयार किया जा रहा है। होली से पहले इस पूरे रास्ते को ठीक कर दिया जाएगा। - एमके सिंह, प्रोजेक्टर मैनेजर, सेतु निगम।
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